अगले 3-4 दिन चंडीगढ़, पंजाब-हरियाणा में बारिश; इसी बीच मानसून की एंट्री की संभावना, उत्तर-पश्चिम हिस्सों में उमस भरी गर्मी का सितम
Chandigarh Punjab Haryana IMD Rain Alert North-West Monsoon Entry
IMD Rain Alert: भारत के उत्तर-पश्चिम हिस्सों में चिलचिलाती कड़ी धूप और उमस भरी गर्मी से बेहाल हो रहे लोगों के लिए एक राहत भरी खबर आई है. मौसम विभाग (IMD) ने मंगलवार (30 जून) को जानकारी दी है कि अगले 3-4 दिनों के दौरान चंडीगढ़, पंजाब और हरियाणा में बारिश होने की संभावना बनी हुई है. बता दें कि गर्मी से परेशान लोग आसमान की तरफ टकटकी लगाये देख रहे हैं और इंतजार कर रहे हैं कि कब बारिश हो. लेकिन आलम यह हो रखा है कि बादल मंडराकर निकल जाते हैं और बारिश की एक बूंद नहीं गिरती.
चंडीगढ़, पंजाब-हरियाणा में मानसून की एंट्री कब?
मौसम विभाग (IMD) द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, बारिश के बीच इन्हीं अगले 3-4 दिनों के दौरान चंडीगढ़, पंजाब और हरियाणा में दक्षिण-पश्चिम मानसून की एंट्री की पूरी संभावना है. IMD ने बताया कि अगले 3-4 दिनों में नॉर्थ अरब सागर, गुजरात, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, पूरे दमन और दीव, उत्तराखंड के बाकी हिस्सों, हिमाचल प्रदेश और लद्दाख, पूरे जम्मू और कश्मीर, हरियाणा, चंडीगढ़, पंजाब, दिल्ली और राजस्थान के कुछ हिस्सों में साउथ-वेस्ट मानसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुईं हैं.
दिल्ली-चंडीगढ़ पहुंचने में लेट हुआ मानसून
राजधानी दिल्ली और चंडीगढ़ की बात करें तो यहां आमतौर पर मानसून जून के अंतिम सप्ताह तक पहुंच जाता है. लेकिन इस बार मामला लेट है और मौसम विभाग के मुताबिक दक्षिण-पश्चिम मानसून जुलाई के पहले सप्ताह में पहुंचेगा. इसका असर दिल्ली के आस-पास के इलाकों यानी एनसीआर में भी देखने को मिलेगा. दिल्ली के साथ ही नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद, फरीदाबाद जैसे शहरों में भी मानसून एक साथ दस्तक देगा और झमाझम बारिश होगी.
30 जून को कहां पहुंचा मानसून?
मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक, दक्षिण-पश्चिम मानसून आज 30 जून को मध्य प्रदेश के कुछ और हिस्सों, छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार के बाकी हिस्सों, उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों, उत्तराखंड के ज़्यादातर हिस्सों और हिमाचल प्रदेश और लद्दाख के कुछहिस्सों में आगे बढ़ गया है. संभावना है मानसून आने के साथ बारिश की फुहारें पड़ेगीं और लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी। वहीं 2 से 4 जुलाई के बीच कोंकड़ व महाराष्ट्र और गुजरात के कुछ हिस्सों (खासकर तटीय इलाकों) में अत्यंत भारी बारिश होने की चेतावनी जारी की गई है. जिसके चलते यहां रहने वाले लोगों को सावधान रहने की जरूरत है.
गर्मी के सितम से बेहाल हुए लोग
दक्षिण-पश्चिम मानसून आने के बाद जहां देश के दक्षिण, पश्चिम और पूर्वोत्तर भारत में झमाझम बारिश हो रही है तो वहीं देश के उत्तर-पश्चिम राज्यों में इन दिनों भीषण गर्मी और लू का कहर जारी है. पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, राजस्थान जैसे राज्यों में लोग गर्मी से त्राहि-त्राहि बोल रहे हैं. कई हिस्सों में तो पारा 45 डिग्री को पार कर गया है. लेकिन मौसम के करवट लेने और बारिश होने से तापमान में गिरावट आने से जल्द इस झुलसाती गर्मी से राहत मिलने की संभावना है. हालाँकि उत्तराखंड और हिमाचल के कई हिस्सों में बारिश का दौर देखा जा रहा है. वहीं आज मंगलवार को उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में भी बारिश हुई है.
अब तक भारत के अधिकांश राज्यों में मानसून की एंट्री
4 जून को केरल के तट से टकराने के बाद दक्षिण-पश्चिम मानसून सामान्य गति से आगे बढ़ते हुए भारत के अधिकांश राज्यों को अब तक कवर कर चुका है। हालांकि बीच में अल-नीनो की परिस्थितियों के चलते मानसून की रफ्तार में थोड़ी धीमी भी हुई. लेकिन एक बार फिर से मानसून ने रफ़्तार पकड ली है और मूसलाधार बारिश करवाता हुआ तेजी से आगे बढ़ रहा है। IMD के अनुसार, मानसून कर्नाटक, तमिलनाडु, तेलंगाना, बंगाल, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, सिक्किम, असम, अरुणाचल प्रदेश, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, गोवा, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़ और बिहार के हिस्सों में एक्टिव हो गया है और तमाम हिस्सों में बारिश हो रही है.