ट्विशा शर्मा मौत मामला: पुलिस ने बताया आत्महत्या, परिवार ने लगाए दहेज प्रताड़ना के आरोप

ट्विशा शर्मा मौत मामला: पुलिस ने बताया आत्महत्या, परिवार ने लगाए दहेज प्रताड़ना के आरोप

Twisha Sharma Death Case: Police Rule It a Suicide

Twisha Sharma Death Case: Police Rule It a Suicide

 नई दिल्ली। Twisha Sharma Death Case: नोएडा की रहने वाली ट्विशा शर्मा की मौत के मामले में भोपाल पुलिस ने बड़ा बयान दिया है। पुलिस का कहना है कि यह हत्या नहीं बल्कि आत्महत्या का मामला है। हालांकि ट्विशा के परिवार ने उनके पति और सास पर दहेज के लिए मानसिक प्रताड़ना देने और हत्या के आरोप लगाए हैं।

भोपाल पुलिस कमिश्नर संजय कुमार ने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अब तक जुटाए गए सबूतों के आधार पर यह मामला आत्महत्या का प्रतीत होता है। उन्होंने कहा कि जांच में “एंटी-मॉर्टम हैंगिंग” यानी मौत फांसी लगाने से होने की पुष्टि हुई है।

ट्विशा 12 मई को भोपाल स्थित अपने ससुराल में फंदे से लटकी मिली थीं। परिवार का आरोप है कि शादी के बाद से ही दहेज को लेकर उन्हें मानसिक रूप से परेशान किया जा रहा था।

पति और सास पर केस दर्ज

इस मामले में ट्विशा के पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह को आरोपित बनाया गया है। गिरिबाला सिंह रिटायर्ड जज हैं। वहीं ट्विशा की मौत के बाद से समर्थ सिंह लापता बताया जा रहा है।

ट्विशा की सास ने सार्वजनिक रूप से आरोप लगाया था कि ट्विशा गांजा जैसी चीजों की आदी थीं और उनका परिवार उन्हें ग्लैमर इंडस्ट्री में धकेल रहा था। हालांकि पुलिस ने इन दावों को खारिज कर दिया है। पुलिस कमिश्नर संजय कुमार ने साफ कहा, "पोस्टमार्टम रिपोर्ट में ड्रग्स जैसी किसी चीज का उल्लेख नहीं है। हमारी जांच में भी ऐसा कोई तथ्य सामने नहीं आया है।"

दूसरे पोस्टमार्टम को लेकर परिवार अड़ा

ट्विशा के परिवार ने दूसरे पोस्टमार्टम की मांग की है और अब तक उन्होंने शव लेने से इनकार किया है। परिवार का आरोप है कि पुलिस ने दूसरे पोस्टमार्टम की अनुमति वापस ले ली।

इस पर भोपाल पुलिस कमिश्नर ने कहा कि दूसरे पोस्टमार्टम की अनुमति देना पुलिस के अधिकार क्षेत्र में नहीं आता। उन्होंने कहा, "अगर परिवार दूसरा पोस्टमार्टम कराना चाहता है तो उसे अदालत जाना होगा। हमने उनकी अर्जी केस डायरी में शामिल कर ली है और हमें इससे कोई आपत्ति नहीं है।"

पुलिस ने यह भी माना कि जिस बेल्ट से कथित तौर पर ट्विशा ने फांसी लगाई थी, वह समय पर पोस्टमार्टम टेबल तक नहीं पहुंची। संजय कुमार ने कहा कि इस लापरवाही की अलग से जांच कराई जाएगी, हालांकि इससे मुख्य जांच पर कोई असर नहीं पड़ेगा।