Parliament: संसद में अखिलेश यादव बोले- क्या बेटियों के कपड़े फाड़ेंगे? युवा-छात्रों पर लाठीचार्ज के खिलाफ सदन में हंगामा, 'शेम-शेम' के नारे

संसद में अखिलेश यादव बोले- क्या बेटियों के कपड़े फाड़ेंगे? युवा-छात्रों पर लाठीचार्ज के खिलाफ सदन में हंगामा, 'शेम-शेम' के लगे नारे

Akhilesh Yadav Statement In Sansad Over Youth Student Protest Lathi Charge

Akhilesh Yadav Statement In Sansad Over Youth Student Protest Lathi Charge

Parliament Youth Student Protest: दिल्ली में 20 जुलाई को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संसद मार्च के दौरान युवा-छात्रों पर लाठीचार्ज करने को लेकर सियासी विरोध तेज हो गया है. सड़क से लेकर संसद तक मोदी सरकार के खिलाफ गहमागहमी देखने को मिल रही है. विपक्ष युवा-छात्रों की मांगों को लेकर अपने पूरे तेवर में आ चुका है. इसी बीच बुधवार को संसद के लोकसभा सदन में समाजवादी पार्टी चीफ अखिलेश यादव ने युवा-छात्रों की मांगों को उठाते हुए उनपर लाठीचार्ज किए जाने और सदन में बोलने न देने को लेकर अपनी नाराज़गी जाहिर की. इस दौरान सदन में जबरदस्त हंगामा देखने को मिला और 'शेम-शेम' के नारे लगे.

अखिलेश यादव बोले- क्या बेटियों के कपड़े फाड़ेंगे आप?

अखिलेश यादव ने स्पीकर ओम बिरला से कहा, ''ये मामला कांग्रेस, समाजवादी पार्टी या बीजेपी का नहीं है. यह मामला युवा-छात्रों का है. आप हमें बोलने नहीं दे रहे. हम सब युवा-छात्रों के लिए लड़ रहे हैं. जब छात्रों की नहीं सुनी जायेगी तो वो सड़कों पर आयेंगे. और सड़कों पर आने पर सरकार ने उनके साथ क्या व्यवहार किया है. छात्रों के हाथ तोड़े, सिर फोड़े, कपड़े फाड़े. क्या बेटियों के कपड़े फाड़ेंगे आप?" इस बीच डिंपल यादव और अन्य सांसदों ने मौके पर 'शेम-शेम' की नारेबाजी की और हंगामा हुआ.

अखिलेश ने कहा- हम मजबूरी में गए प्रधानमंत्री आवास

वहीं अखिलेश ने कहा कि हमें मजबूरी में प्रधानमंत्री आवास जाना पड़ा. अगर आप हमारी बातें यहां सुन लेते तो हम वहां क्यों जाते? क्या प्रधानमंत्री यहां आकर स्टेटमेंट नहीं दे सकते हैं, युवाओं के लिए वो बाहर बोल सकते हैं, यहां सदन में क्यों नहीं बोल सकते?'' आपको बता दें कि इसी तरह से राज्यसभा सदन में भी युवा-छात्रों की मांगों और उनपर लाठीचार्ज का मुद्दा उठाया गया और हंगामा देखने को मिला. फिलहाल हंगामे के बीच लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही कल तक के लिए स्थगित कर दी गई है.

काले कपड़े पहनकर संसद पहुंचे विपक्षी संसद

आज बुधवार को राहुल गांधी समेत तमाम कांग्रेस सांसद और अन्य विपक्षी सांसद काले कपड़े पहनकर संसद पहुंचे और उन्होंने सरकार के सामने अपना विरोध जताया. ज्ञात रहे कि एक दिन पहले ही राहुल गांधी की अगुवाई में कांग्रेस नेताओं ने प्रधानमंत्री आवास के बाहर धरना-प्रदर्शन किया था. जिसके बाद मौके पर भारी सुरक्षा बल की तैनाती की गई थी. इसके बाद शाम होने तक दिल्ली पुलिस ने राहुल गांधी को वहां से हिरासत में ले लिया और खींचकर-घसीटकर अपने साथ ले गई. राहुल के साथ प्रियंका गांधी को भी हिरासत में लिया गया था. हालाँकि रात में दोनों नेताओं को छोड़ दिया गया.

किरेन रिजिजू बोले- सरकार चर्चा के लिए 100% तैयार

एक तरफ जहां विपक्ष कह रहा है कि सरकार युवा-छात्रों के मुद्दे पर चर्चा ही नहीं करना चाहती तो वहीं दूसरी तरफ सरकार का कहना है कि वह चर्चा के लिए तैयार है. केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा, ''मानसून सेशन के पहले दिन से ही सरकार कह रही है कि हम सभी ज़रूरी मुद्दों पर चर्चा के लिए तैयार हैं. हम शुरू से ही NEET एग्जाम पेपर लीक पर चर्चा के लिए तैयार हैं. हमने कांग्रेस नेताओं के साथ-साथ दूसरी पार्टियों के नेताओं से भी कहा है कि सरकार चर्चा के लिए तैयार है लेकिन चर्चा कैसे होगी, यह चेयरपर्सन की अध्यक्षता में सभी के साथ मीटिंग के बाद तय किया जाएगा.''

विपक्ष का शर्तें रखना सही नहीं

किरेन रिजिजू ने कहा, ''अगर विपक्ष के लोग चर्चा न करने के बहाने ढूंढ रहे हैं और शर्तें रख रहे हैं, तो यह सही नहीं है. संसद के अंदर चर्चा करने के लिए एक सिस्टम बनाया हुआ है. चर्चा सार्थक होनी चाहिए. हमारी सरकार युवाओं के भविष्य के लिए NEET एग्जाम और उससे जुड़े मामलों पर चर्चा करना चाहती है. यह हमारी ज़िम्मेदारी है कि हम देश को बताएं कि सरकार ने जो भी कदम उठाए हैं. जैसे ही चेयरपर्सन फैसला करेंगे, सरकार चर्चा के लिए 100% तैयार है.''

यह भी पढ़ें-

दिल्ली में बंद किए गए ये 16 मेट्रो स्टेशन; रात में प्रदर्शनकारियों का भारी बवाल, CJP ने कहा- वो हमारे साथ नहीं, संसद में भी प्रदर्शन जारी