उद्योगपति अनिल अंबानी का सुप्रीम कोर्ट से वादा; इस केस में हलफनामा किया दाखिल, कहा- भारत छोड़कर नहीं जाऊंगा, जांच में सहयोग दूंगा
Industrialist Anil Ambani Affidavit in Supreme Court Latest News
Anil Ambani Latest News: नामी उद्योगपति अनिल अंबानी ने 40,000 करोड़ के कथित बैंक लोन धोखाधड़ी मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दाखिल कर कहा है कि वह कोर्ट की इजाजत के बिना देश नहीं छोड़ेंगे और ED-CBI जांच में पूरा सहयोग भी करेंगे। अंबानी अंबानी ने सुप्रीम कोर्ट को यह भी बताया कि जुलाई 2025 से वह विदेश नहीं गए हैं और अब आगे जरूरत पड़ने पर पहले वह कोर्ट से इजाजत लेंगे। रिपोर्ट्स के मुताबिक, अनिल अंबानी को जांच के सिलसिले में 26 फरवरी को प्रवर्तन निदेशालय (ED) के सामने पेश होना है।
मनी लॉड्रिंग एक्ट के तहत कार्रवाई कर रही ED
बता दें कि अनिल अंबानी से जुड़े रिलायंस समूह पर फंड डायवर्जन और बैंक से बड़े पैमाने पर वित्तीय धोखाधड़ी का आरोप है। इस फ्रॉड में कथित रूप से शामिल उद्योगपति अनिल अंबानी और अन्य लोगों के के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ED) की कार्रवाई लंबे समय से लगातार जारी है। ED ने अनिल अंबानी के खिलाफ मनी लॉड्रिंग एक्ट के तहत केस दर्ज किया हुआ है। पिछले दिनों ईडी ने अनिल अंबानी से जुड़े कई ठिकानों पर छापेमारी की थी। दिल्ली और मुंबई जैसे शहरों में ईडी की अलग-अलग टीमें छापेमारी करने पहुंचीं थीं और इस दौरान बड़ा सर्च ऑपरेशन चलाया गया था। ED अब तक अनिल अंबानी से जुड़ी करोड़ों की संपत्ति जब्त कर चुकी है।
मुकेश अंबानी के छोटे भाई हैं अनिल अंबानी
मालूम रहे कि, अनिल अंबानी देश के सबसे दिग्गज उद्योगपति मुकेश अंबानी के ही छोटे भाई हैं। एक समय दुनिया के शीर्ष अरबपतियों में शामिल रहे अनिल अंबानी ने 2020 में UK की अदालत में खुद को दिवालिया घोषित कर दिया था। उन्होंने रिलायंस कैपिटल, रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर और रिलायंस पावर जैसी कंपनियों का नेतृत्व किया है। लेकिन इन दिनों अनिल अंबानी गंभीर वित्तीय और कानूनी चुनौतियों का सामना कर रहे हैं और भारत में रहकर कानूनी जांच में सहयोग कर रहे हैं।
भारी कर्ज में डूबे उद्योगपति अनिल अंबानी
फिलहाल अनिल अंबानी और उनके ग्रुप पर ED का शिंकजा कसता हुआ दिख रहा है। ऐसे में भारी कर्ज में डूबे उद्योगपति अनिल अंबानी की मुश्किलें अब और बढ़ सकती हैं। इससे पहले अगस्त 2024 में ही अनिल अंबानी पर सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया यानी सेबी (SEBI) का बहुत बड़ा एक्शन हुआ था। अनिल अंबानी को सिक्योरिटीज मार्केट (स्टॉक मार्केट) से 5 साल के लिए बैन कर दिया गया था। इसके साथ ही अंबानी पर 25 करोड़ रुपए का तगड़ा जुर्माना भी लगाया गया था।
SEBI ने यह भी कहा था कि अनिल अंबानी किसी भी लिस्टेड कंपनी या सेबी के साथ रजिस्टर्ड किसी भी इंटरमीडिएटरी में डायरेक्टर या मैनेजर जैसे महत्वपूर्ण पदों पर नहीं रह सकते हैं। दरअसल, फंड के हेरफेर के आरोप में सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज SEBI ने अनिल अंबानी पर यह एक्शन लिया था। बता दें कि, सेबी भारत में शेयर बाजार की नियामक संस्था है, जो कि भारतीय शेयर बाजार (Indian Stock Market) को नियंत्रित करती है।