राजस्थान में सियासी घमासान: डोटासरा के 'घोटाले' वाले वार पर दिलावर का पलटवार, बोले- 'खो बैठे हैं मानसिक संतुलन'
Dilawar Hits Back at Dotasra's 'Scam' Allegations
Political Turmoil in Rajasthan: राजस्थान की सियासत में एक बार फिर शिक्षा मंत्री और पूर्व शिक्षा मंत्री आमने-सामने हैं. कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह डोटासरा ने कल, 6 मई को शिक्षा मंत्री मदन दिलावर पर घोटाले का और भ्रष्टाचार में डूबने का आरोप लगाया. तो वहीं शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने पलटवार करते हुए कहा है कि वो मानसिक संतुलन खो बैठे हैं. दरअसल, कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने शिक्षा मंत्री दिलावर के कार्यकाल के दौरान घोटाले और धांधली के आरोप लगाए थे. इसके बाद अब मदन दिलावर ने भी उन्हें जवाब देते हुए तंज कसा है कि उनका मानसिक संतुलन बिगड़ गया है.
गोविंद सिंह डोटासरा के आरोप के बारे में प्रतिक्रिया देते हुए शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने कहा,"कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष, पूर्व शिक्षा मंत्री, मेरे मित्र हैं. लेकिन थोड़ा मानसिक संतुलन खो बैठे हैं. माननीय अशोक जी गहलोत से निवेदन करूंगा कि उनको जल्दी मनोरोग चिकित्सालय में भर्ती कराकर उनका इलाज कराएं, क्योंकि जो उन्होंने आरोप लगाए हैं वह बिलकुल निराधार है."
आरोपों पर सफाई
दिलावर ने कहा, "ये जो हमारी हिंदुस्तान स्काउट एंड गाइड राजस्थान है, इसके सेवा नियम ही नहीं बने और जब सेवा नियम नहीं बने तो भर्तियां हो ही नहीं सकती, इनको इनकी राशि दी नहीं जा सकती. हां, इसके लिए डेढ़-डेढ़ करोड़ रुपए का आवंटन किया था लेकिन सेवा नियम नहीं बनने के कारण से उनको निरस्त करना पड़ा, क्योंकि उनको भुगतान नहीं कर सकते थे. इसलिए कह रहा हूं कि ये, ये पगला गए हैं और मानसिक संतुलन खो बैठे हैं. मेरे मित्र हैं, और भगवान करे उनका ज्यादा दिमागी संतुलन ना बिगड़े."
गबन और घोटाले के आरोप
इससे पहले गोविंद सिंह डोटासरा ने सोशल मीडिया पर लिखा था, "शिक्षा मंत्री मदन दिलावर जी के अध्यक्ष रहते हिंदुस्तान स्काउट एंड गाइड में करोड़ों रुपए का गबन सामने आया है. मंत्री जी के संरक्षण में चल रही संस्था में करोड़ों रुपए की गड़बड़ियां, धमकाकर अवैध वसूली, खातों में लाखों रुपए ट्रांसफर होने और 2024 की भर्ती प्रक्रिया में धांधली के साक्ष्य सामने आ रहे हैं."
उन्होंने लिखा कि मदन दिलावर जी को जवाब देना चाहिए कि जब वो स्वयं संस्था के अध्यक्ष हैं, तो फिर ये करोड़ों का गबन और गड़बड़ियां कैसे व किसके आदेश पर हुआ? क्या शिक्षा मंत्री बताएंगे कि कैंपों में अनियमितताएं और अधिकारियों द्वारा फर्जी हस्ताक्षर कर पैसे किसके इशारे पर वसूले गए? मदन दिलावर जी के कारण भाजपा सरकार में शिक्षा व्यवस्था पहले ही बदहाल और भ्रष्टाचार में डूबी है.
हालांकि यह पहली बार नहीं है जब गोविंद सिंह डोटासरा और मदन दिलावर आमने-सामने हुए हैं. इससे पहले भी दोनों ही के बीच आरोप प्रत्यारोप का दौर लगातार चलता रहा है. एक बार फिर से राजस्थान की सियासत में गोविंद सिंह डोटासरा और मदन दिलावर के बीच की जुबानी जंग चर्चा में है.