लोकसभा में महिला आरक्षण से जुड़ा संविधान संशोधन बिल गिरा, दो-तिहाई बहुमत नहीं मिला

लोकसभा में महिला आरक्षण से जुड़ा संविधान संशोधन बिल गिरा, दो-तिहाई बहुमत नहीं मिला

The Constitution Amendment Bill on women reservation

The Constitution Amendment Bill on women's reservation

नई दिल्ली। लोकसभा में महिला आरक्षण कानून में बदलाव से जुड़ा संविधान संशोधन विधेयक पास नहीं हो सका। जरूरी दो-तिहाई बहुमत नहीं मिलने के कारण यह बिल गिर गया। इसके साथ ही सरकार ने अन्य दो महत्वपूर्ण विधेयकों परिसीमन बिल और केंद्र शासित प्रदेश कानून संशोधन बिल को भी आगे नहीं बढ़ाने का फैसला किया है।

यह संशोधन बिल 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' में बदलाव के लिए लाया गया था, जिसके तहत लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने का प्रावधान है। यदि यह बिल पास हो जाता, तो इसे 2029 के आम चुनाव से लागू करने की योजना थी।

क्यों नहीं पास हो सका बिल?

संविधान संशोधन बिल को पास करने के लिए सदन में मौजूद और मतदान करने वाले सदस्यों का दो-तिहाई समर्थन जरूरी होता है। वोटिंग के दौरान इस बिल के पक्ष में 298 वोट पड़े, जबकि 230 सांसदों ने विरोध किया। यह संख्या आवश्यक बहुमत से कम रही, इसलिए बिल पारित नहीं हो सका।

सत्तारूढ़ एनडीए के पास लोकसभा में पर्याप्त संख्या नहीं थी और उसे अन्य दलों का समर्थन या विपक्ष के कुछ सदस्यों के मतदान से दूर रहने की जरूरत थी, जो नहीं मिल सका।

बाकी दो विधेयकों का क्या हुआ?

इस बिल के साथ दो अन्य विधेयक भी जुड़े थे परिसीमन विधेयक और केंद्र शासित प्रदेश कानून संशोधन विधेयक। इनमें से एक विधेयक दिल्ली, पुडुचेरी और जम्मू-कश्मीर जैसे केंद्र शासित प्रदेशों में महिला आरक्षण लागू करने के लिए जरूरी था। लेकिन मुख्य संविधान संशोधन बिल के पास न होने के कारण सरकार ने इन दोनों विधेयकों को भी आगे नहीं बढ़ाया।

विपक्ष का विरोध

प्रस्तावित संशोधनों में लोकसभा की सीटों को 543 से बढ़ाकर 850 करने की बात भी शामिल थी, ताकि परिसीमन के बाद महिला आरक्षण लागू किया जा सके। विपक्ष ने शुरुआत से ही इन संशोधनों का विरोध किया और इसे राजनीतिक संतुलन बदलने की कोशिश बताया।

इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सभी दलों से समर्थन की अपील की थी और कहा था कि अगर विपक्ष विरोध करेगा तो उसका राजनीतिक फायदा भी उसे मिलेगा, लेकिन वह सभी को साथ लेकर चलने के लिए तैयार हैं।