उत्तर प्रदेश में 'संवाद सेतु' योजना: अधिकारियों के फोन न उठाने की समस्या का समाधान

उत्तर प्रदेश में 'संवाद सेतु' योजना: अधिकारियों के फोन न उठाने की समस्या का समाधान

scheme in Uttar Pradesh: Solution to

'Samvad Setu' scheme in Uttar Pradesh: Solution to

लखनऊ। हाल ही में विधानमंडल सत्र के दौरान जनप्रतिनिधियों द्वारा उठाई गई अधिकारियों द्वारा फाेन न उठाने की समस्या के निदान के लिए बुधवार से संवाद सेतु (जिला संपर्क एवं कमांड सेंटर) की पहल होने जा रही है।

गाजियाबाद, हरदोई और कन्नौज में पायलट प्राेजेक्ट के तौर पर इसकी शुरुआत की जाएगी। समाज कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) असीम अरुण ने यह पहल की है।

इसके लिए तीनों जिलों में कमांड सेंटर स्थापित कर दिए गए हैं। किसी अधिकारी के फोन न उठने पर जनप्रतिनिधि कमांड सेंटर से संपर्क करेंगे और वहां से अधिकारियों को अलर्ट भेजा जाएगा।

मंगलवार को असीम अरुण ने तीनों जिलों के डीएम को संवाद सेतु के संचालन की तैयारियों के संबंध में निर्देश दिए। बुधवार को आनलाइन इन सेंटर्स की शुरुआत होगी।

व्यवस्था के तहत यदि किसी अधिकारी द्वारा जनप्रतिनिधि की कॉल 10 मिनट के भीतर रिसीव या कॉल बैक नहीं की जाती है तो जनप्रतिनिधि कमांड सेंटर को सूचित कर सकेंगे। कमांड सेंटर संबंधित अधिकारी को तुरंत काल बैक के लिए निर्देशित करेगा और संवाद सुनिश्चित करेगा।

यह व्यवस्था केवल कार्य दिवसों और कार्यालय समय में और सरकारी (सीयूजी) नंबरों पर लागू होगी। बेहतर संवाद और त्वरित प्रतिक्रिया देने वाले अधिकारियों को प्रोत्साहित किया जाएगा, जबकि लापरवाही की स्थिति में रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी।

मंत्री ने बताया कि इस नई व्यवस्था के तहत जल्द ही हर जिले में जिला संपर्क एवं कमांड सेंटर स्थापित किया जाएगा।