प्रशासकों को वित्त मंत्री की सीख: "सामने वाले की पीड़ा समझें और अहंकार से कोसों दूर रहें"
Finance Minister's Counsel to Administrators
लखनऊ। Finance Minister's Counsel to Administrators, वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने भारतीय प्रशासनिक सेवा 2024 बैच के प्रशिक्षु अधिकारियों को प्रशासनिक जीवन के मूलभूत सिद्धांतों पर मार्गदर्शन देते हुए कहा कि एक सफल अधिकारी के लिए समय प्रबंधन और व्यवस्थित दिनचर्या आवश्यक हैं।
उन्होंने अधिकारियों को अहंकार से दूर रहने, स्वयं की प्रशंसा से बचने तथा सामने वाले को समझने की क्षमता विकसित करने की सलाह दी।
अलीगंज स्थित उत्तर प्रदेश प्रशासन एवं प्रबंध अकादमी में ‘सिविल सर्वेंट की भूमिका, कर्त्तव्य एवं दायित्व’ विषय पर अपनी बात रखते हुए मंत्री ने कहा कि प्रशासनिक दायित्व निभाते समय संवेदनशीलता और निष्पक्षता के बीच संतुलन होना चाहिए। प्रत्येक व्यक्ति अपना कैरेक्टर रोल खुद लिखता है। निर्णय और व्यवहार ही सार्वजनिक छवि गढ़ते हैं।
फरियादी प्रायः दुखी मानसिकता में होते हैं, उनके व्यवहार असामान्य भी हो सकते हैं। ऐसी स्थिति में उनकी मानसिक पीड़ा को समझते हुए सहानुभूतिपूर्वक और न्यायसंगत निर्णय लेना ही अच्छे प्रशासक की पहचान है।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यदि अधिकारी सत्यनिष्ठा और मानवीय मूल्यों के साथ कार्य करेंगे तो वे न केवल प्रशासनिक दक्षता स्थापित करेंगे, बल्कि समाज में विश्वास और न्याय की मजबूत नींव भी रखेंगे।