लखनऊ में संविदा कर्मी की करंट से मौत, चार अभियंताओं को निलंबित
Contract worker electrocuted to death in Lucknow
लखनऊ। योगी आदित्यनाथ सरकार के बिजली उपकेंद्र में सुरक्षा के संसाधन उपलब्ध कराने के बाद भी लापरवाही जारी है। गोमती नगर जोन के अंतर्गत आने वाले कल्याणपुर बिजली उपकेंद्र पर कार्यरत संविदा कर्मी परशुराम रावत की करंट लगने से मौत के प्रकरण में चार दोषी अभियंताओं को निलंबित किया गया है।
संविदा कर्मी परशुराम रावत की मौत की घटना को मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड की प्रबंध निदेशक रिया केजरीवाल ने गंभीरता से लिया। पूरा मामला समझा और जांच कराने के बाद चार दोषी अभियंताओं को निलंबित कर दिया है।
अमौसी जोन में आठ अभियंताओं व 24 बाबुओं के तबादले के बाद यह दूसरी बड़ी कार्रवाई है। अभी तक किसी संविदा कर्मी की मौत पर किसी एमडी की यह सबसे बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है। एमडी ने पूरी घटना की जांच विद्युत सुरक्षा निदेशालय की टीम को सौंपी है। उसकी रिपोर्ट के आधार पर अन्य कई पर भी गाज गिर सकती है।
इस केस में पहले अधिशासी अभियंता प्रीतम सिंह, सेक्टर चार गोमती नगर, 33 केवी को निलंबित किया गया। इसके बाद सहायक अभियंता 33 केवी अमित कुमार को भी निलंबित कर दिया गया। दोनों अभियंता को बरेली क्षेत्र प्रथम, बरेली से संबंद्ध कर दिया गया है। अवर अभियंता 33 केवी धर्मेंद्र कुमार व रामधीरज को निलंबित करते हुए अधीक्षण अभियंता वाणिज्य गोमती नगर कार्यालय से संबंद्ध किया गया है। वहीं इस पूरे प्रकरण की जांच के लिए एक कमेटी का भी गठन किया गया है।
परशुराम रावत की मौत के प्रकरण में एमडी ने जांच में पाया गया कि दुर्घटना मानकों की अनदेखी करने के कारण घटित हुई। इससे स्पष्ट हो गया है कि विभागीय कार्य में शिथिलता और उत्तरदायित्व के निर्वहन में घोर लापरवाही बरती गई। अधीनस्थों ने उच्चाधिकारियों के निर्देशों भी पालन नहीं किया।
यह था पूरा मामला
कल्याणपुर के जगरानी अस्पताल के पास शुक्रवार रात डेढ़ बजे के 33 हजार केवी लाइन के जंपर का फ्यूज उड़ गया था। इसको ठीक करने के लिए लाइनमैन परशुराम के साथ तीन अन्य कर्मियों को भेजा गया था।
33,000 केवी लाइन पर तकनीकी कर्मचारी को काम करना था, लेकिन उसने संविदा लाइनमैन को बिना सुरक्षा बेल्ट के सीढ़ी पर चढ़ा दिया। लाइन के जंपर को छूते ही परशुराम को करंट का झटका लगा और वह नीचे सिर के बल गिरा जिससे मौके पर ही मौत हो गई। उसके परिवार के लोगों ने बिजली उपकेंद्र का घेराव किया था।