अयोध्या में पूर्णाहुति के दिन बड़ा 'अग्निकांड', चपेट में आई गौशाला, बाल-बाल बचे श्रद्धालु
Major Fire Breaks Out in Ayodhya on 'Purnahuti' Day
Major Fire Breaks Out in Ayodhya on 'Purnahuti' Day: रामनगरी अयोध्या से भीषण हादसा सामने आया है, जहां मुख्य यजमान परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह के नेतृत्व में चल रहे लक्ष्मी नारायण महायज्ञ में अचानक आग लग गई. देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और पूरा पंडाल धू-धू कर जलने लगा. जानकारी मिलते ही फायर बिग्रेड की कई गाड़ियां मौके पर पहुंच गई थीं. तीन गंभीर रूप से झुलसे लोगों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
दरअसल, अयोध्या के राजघाट में परिवहन मंत्री दयाशंकर ने लक्ष्मी नारायण महायज्ञ कराया गया था. इसका आज समापन होना था. यज्ञ की पूर्णाहुति के दौरान भयंकर आग लग गई. इससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई. जिला प्रशासन की टीम ने तुरंत पंडाल को खाली कराया. प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि हवन के दरमियान तेज हवाओं के कारण चिंगारी भड़की, जिससे आग लगी है. आग में झुलसने के बाद तीन लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
9 दिवसीय यज्ञ का आयोजन
फायर बिग्रेड की गाड़ियों ने बड़ी ही मुश्किलों के बाद आग पर काबू पा लिया है. इस दौरान मौके पर जिलाधिकारी और एसपी भी मौजूद रहे. परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने बताया कि 9 दिवसीय यज्ञ का आयोजन किया गया था, जिसकी पूर्णाहुति घटना के डेढ़ घंटे पहले ही हुई थी. घटना कैसे हुई इसकी जानकारी नहीं है, लेकिन जब यज्ञशाला में आग लगी तब तक वह खाली हो चुकी थी.कोई भी जनहानि नहीं हुई है.
‘नहीं हुई कोई जनहानि’
यज्ञशाला के अलावा 700 मीटर दूर भी आग लगी है. यहां आग कैसे लगी इसके बारे में पता नहीं चल पाया है. रेस्क्यू के बीच चार लोगों एंबुलेंस की मदद से अस्पताल भेजा गया है, जिनमें से तीन बुरी तरह से झुलसे हैं. घटना के बाद से मौके पर मौजूद श्रद्धालुओं में आक्रोश देखने को मिला है. जिलाधिकारी अयोध्या निखिल टीकाराम फंडे ने बताया कि किसी तरह की जनहानि नहीं हुई है और सब लोग सुरक्षित है. हवन की चिंगारी से गौशाला में आग लग गई.
फायर बिग्रेड की गाड़ियों ने आग पर काबू पा लिया है. किसी तरह की कोई जनहानि नहीं है. सभी लोग सुरक्षित हैं. घटना के बाद मौके पर पहुंचे एसएसपी अयोध्या डॉक्टर गौरव ग्रोवर ने कहा कि घटना को लेकर अलर्ट कर दिया गया है. बता दें कि श्री लक्ष्मीनारायण महायज्ञ के द्वारा यज्ञ किया जा रहा था.