बेअदबी विरोधी कानून से प्रभावित होकर अकाली दल और कांग्रेस के नेता ‘आप’ में शामिल
- By Gaurav --
- Tuesday, 19 May, 2026
Influenced by the anti-sacrilege law, Akali Dal and Congress leaders join AAP
भगवंत मान सरकार द्वारा श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की बेअदबी को रोकने और दोषियों को सख्त सजा दिलाने के उद्देश्य से लागू किए गए जगत जोति श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार बिल 2026' को जनता और राजनीतिक हलकों से भारी समर्थन मिल रहा है। इस कानून से प्रभावित होकर मंगलवार को शिरोमणि अकाली दल और कांग्रेस के कई प्रमुख नेता और कार्यकर्ता अपनी पार्टियां छोड़कर आम आदमी पार्टी में शामिल हो गए। इन सभी नेताओं को मुख्यमंत्री के ओएसडी राजबीर सिंह घुम्मन ने औपचारिक रूप से पार्टी में शामिल करवाया।
पार्टी में शामिल होने वाले नेताओं ने कहा कि पिछली सरकारों ने बेअदबी के संवेदनशील मुद्दे पर सिर्फ राजनीति की और दोषियों को बचाने का काम किया। इसके विपरीत, मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की सरकार ने इस बिल को लाकर यह साबित कर दिया है कि उनके मन में गुरु साहिब के प्रति अगाध श्रद्धा है।
इस सख्त कानून के आने से बेअदबी की कोशिश करने वाले असामाजिक तत्वों में खौफ पैदा होगा और पंजाब की धार्मिक सहनशीलता व शांति बरकरार रहेगी। दूसरी ओर, ओएसडी घुम्मन ने पार्टी में शामिल हुए सभी नेताओं और कार्यकर्ताओं को भरोसा दिलाया कि 'आप' में उन्हें पूरा मान-सम्मान दिया जाएगा। पार्टी में शामिल होने वाले प्रमुख नेताओं में कीतू ग्रेवाल (पूर्व महिला अध्यक्ष पंजाब कांग्रेस और सदस्य महिला एवं बाल कल्याण व सांसद चुनाव प्रभारी जम्मू-कश्मीर), सतपाल सिंह (पूर्व चेयरमैन पनग्रेन), कमलदीप सिंह राणा वरका (महासचिव पंजाब कांग्रेस), समनदीप कौर (अध्यक्ष महिला सेल कांग्रेस मलोट), हरदेव सिंह (पूर्व चेयरमैन ब्लॉक समिति व बीसी विंग प्रभारी अटारी), चरणजीत कौर (ब्लॉक समिति सदस्य), गुरमेल सिंह (महासचिव देहाती व उम्मीदवार जिला परिषद तलवंडी साबो), हरदेव सिंह (पूर्व ब्लॉक समिति सदस्य व पूर्व सरपंच), जसकरन सिंह जथवाल (पूर्व महासचिव कांग्रेस), वशन सिंह और सुरजीत सिंह (पूर्व सरपंच, गांव गुरुनानकपुरा, ब्यास) शामिल हैं।