हरियाणा में अगले दो साल में दौड़ेंगी 1,500 इलेक्ट्रिक सिटी बसें, ई-ट्रैक्टर पर भी मिलेगी 5 लाख रुपये तक सब्सिडी
Haryana Plans 1,500 Electric City Buses
हरियाणा सरकार प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाने जा रही है। मेट्रो विस्तार और नमो भारत ट्रेन परियोजनाओं के साथ अब सरकार शहरों की सिटी बस सेवा को पूरी तरह इलेक्ट्रिक बनाने की योजना पर तेजी से काम कर रही है।
योजना के तहत अगले दो वर्षों में गुरुग्राम, फरीदाबाद, सोनीपत, रेवाड़ी और पलवल सहित एनसीआर से जुड़े शहरों में चरणबद्ध तरीके से सीएनजी बसों की जगह इलेक्ट्रिक बसें संचालित की जाएंगी। इसके लिए बस अड्डों के आधुनिकीकरण और चार्जिंग स्टेशनों के निर्माण का कार्य भी शुरू कर दिया गया है।
सरकार का उद्देश्य दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में वायु प्रदूषण कम करना, स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देना और सार्वजनिक परिवहन को अधिक किफायती बनाना है। इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से ईंधन लागत में भी कमी आने की उम्मीद है।
राज्य सरकार करीब 1,500 नई इलेक्ट्रिक बसों की खरीद की योजना पर काम कर रही है। आवश्यकता पड़ने पर इनकी संख्या और बढ़ाई जा सकती है। इसके साथ ही पूरे प्रदेश में इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए चार्जिंग नेटवर्क का विस्तार किया जाएगा, ताकि अगले दो वर्षों में हर 5 से 10 किलोमीटर के दायरे में चार्जिंग सुविधा उपलब्ध हो सके।
सरकार कृषि क्षेत्र में भी इलेक्ट्रिक तकनीक को बढ़ावा देने की तैयारी कर रही है। प्रदेश में इलेक्ट्रिक ट्रैक्टर निर्माण को प्रोत्साहित करने के लिए तीन कंपनियों के साथ बातचीत चल रही है। प्रस्तावित योजना के तहत किसानों को इलेक्ट्रिक ट्रैक्टर खरीदने पर 5 लाख रुपये तक की सब्सिडी देने पर विचार किया जा रहा है। इसके अलावा निजी इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए प्रत्येक जिले में आधुनिक चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए जाएंगे।