चच्योट उप डाकघर बंद करने के फैसले के खिलाफ उग्र जनआंदोलन

चच्योट उप डाकघर बंद करने के फैसले के खिलाफ उग्र जनआंदोलन

Chachiot Sub-Post Office

Chachiot Sub-Post Office

 एसएसपीओ के स्पष्टीकरण से जनता असंतुष्ट।
विधायक विनोद कुमार पर भी जनता की अनदेखी का आरोप।

गोहर 17 फरवरी (सुभाग सचदेवा)-:-  मंडी ज़िले के चच्योट में उप डाकघर बंद करने के आदेश के विरोध में आज दुसरे दिन भी कटलोग में जन आक्रोश उग्र रूप लेता दिखा। सैंकड़ों लोगों ने मंडी जंजैहली सड़क मार्ग अवरूद्ध कर चक्का जाम कर दिया।भारी विरोध के बावजूद जब मंडी डाक विभाग के एसएसपीओ एस डी एम गोहर देवी राम डी एस पी व गोहर पुलिस मौके  पर पहुंचे।एस एस पी ओ ने मौके पर पहुंच कर जनता की बात सुनी और आश्वासन दिया, मगर स्थानीय जनता उनके स्पष्टीकरण से संतुष्ट नहीं हुई। जोरदार हंगामे के बीच मंडी पुलिस के जवानों व डीएसपी को  उप डाकघर के बाहर कानून व्यवस्था बनाने में कड़ी मशक्कत करनी पड़ी ।
ग्रामीणों द्वारा चक्का जाम की धमकी दिए जाने के बाद गोहर प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए थे। हालांकि जन आक्रोश शांतिपूर्ण रहा, लेकिन स्थानीय लोग सुबह 9 बजे से कटलोग पोस्टऑफिस कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गए।
ग्रामीणों की मांग थी कि मंडी डाक विभाग के एसएसपीओ स्वयं मौके पर आकर स्थिति स्पष्ट करें। विभाग की ओर से पहले इंस्पेक्टर भेजा गया, लेकिन बाद में एसएसपीओ संजय कुमार स्वयं निर्धारित समय पर उप डाकघर पहुंचे। जनता ने अपनी बात खुलकर रखी, लेकिन विवाद बढ़ने के बावजूद लोग एसएसपीओ के जवाबों से संतुष्ट नहीं दिखे और उनके खिलाफ नारेबाजी की गई।
ग्रामीणों का कहना है कि चच्योट जैसे दूर-दराज़ क्षेत्र में उप डाकघर बंद होना लोगों के लिए बड़ी परेशानी खड़ी करेगा। बुज़ुर्गों, महिलाओं और बैंकिंग सेवाओं पर निर्भर लोगों को अब कई किलोमीटर दूर चैलचौक जाना पड़ेगा, जो व्यावहारिक नहीं है।
एसएसपीओ ने बताया कि चच्योट में अब केवल शाखा स्तर की सेवाएं ही मिलेंगी और आरडी एजेंटों को अपनी आरडी जमा करने के लिए चैलचौक या गोहर जाना पड़ेगा। गौरतलब है कि चच्योट उप डाकघर से 40 से 50 लाख रुपये का कारोबार होता था, लेकिन अब सभी सेवाओं के लिए जनता को चैलचौक जाना होगा।
प्रदर्शन के दौरान यह जन आक्रोश राजनीतिक अखाड़ा बनता भी नजर आया। चच्योट की जनता का मुख्य उद्देश्य यही था कि पोस्टऑफिस को यहां से पूरी तरह बंद न किया जाए।
इस मौके पर एसडीएम गोहर देवी राम, डीएसपी हेडक्वार्टर मंडी दिनेश कुमार, एसएसपीओ संजय, चच्योट पंचायत प्रधान महेंद्र सिंह, अनुसूचित जाति आयोग अध्यक्ष लाल सिंह कौशल, कांग्रेस के पूर्व प्रत्याशी नरेश चौहान और संजय डोगरा मौजूद रहे। मगर स्थानीय विधायक विनोद कुमार की ना मोजूदगी सभी को अखरी।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि एसएसपीओ द्वारा दिए गए तथ्य केवल आश्वासन तक सीमित रहे और लगभग पांच घंटे तक यह मुद्दा राजनीतिक मंच बनकर रह गया, जबकि जनता की मूल समस्या पर कोई समाधान नहीं निकला।