जनसुनवाई में लापरवाही पर सख्त हुए मुख्यमंत्री

जनसुनवाई में लापरवाही पर सख्त हुए मुख्यमंत्री

Chief Minister gets strict on negligence in public

Chief Minister gets strict on negligence in public

  1. मुख्यमंत्री योगी ने जनसुनवाई में ढिलाई पर नाराजगी जताई।

  2. सीएम कार्यालय अब डीएम-एसएसपी की जनसुनवाई की निगरानी करेगा।

  3. अधिकारी प्रतिदिन 10-12 बजे तक वीसी से समीक्षा करेंगे।

लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनसुनवाई और जनता दर्शन के मामलों में जिला स्तर पर हो रही ढिलाई पर नाराजगी जताई है। इसी के बाद अब मुख्यमंत्री कार्यालय सीधा डीएम व एसएसपी की जनसुनवाई की निगरानी करेगा।

इसके आदेश जारी हो गए हैं। आदेश में कहा गया है कि जनसुनवाई के प्रकरणों में गंभीरता से कार्रवाई न होने के कारण ही कई मामले मुख्यमंत्री के जनता दर्शन तक पहुंच रहे हैं, जबकि उनका समाधान जिला स्तर पर ही किया जाना चाहिए। इससे आमजन को असुविधा होती है और सरकार की छवि भी प्रभावित होती है।

मुख्यमंत्री के अपर मुख्य सचिव संजय प्रसाद ने सभी पुलिस आयुक्तों, जिलाधिकारियों व वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को इसके निर्देश भेजते हुए कहा है कि अब प्रत्येक कार्यदिवस पर (तहसील दिवस/थाना दिवस जैसे पूर्व निर्धारित कार्यक्रमों को छोड़कर) सुबह 10 बजे दोपहर 12 बजे तक सभी अपने-अपने कार्यालय कक्ष से वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से जनसुनवाई की समीक्षा बैठक में जुड़ेंगे। मोबाइल फोन या अन्य किसी स्थान से जुड़ने की अनुमति नहीं होगी।

मुख्यमंत्री कार्यालय द्वारा जिलों में चल रहे जनता दर्शन कार्यक्रम की लाइव निगरानी की जाएगी। बैठक के दौरान कुछ शिकायतकर्ताओं से सीधे संवाद कर निस्तारण की गुणवत्ता की भी जांच की जाएगी और इसकी रिपोर्ट मुख्यमंत्री के समक्ष प्रस्तुत की जाएगी।

सभी अधिकारियों को सुबह 9:45 बजे तक वीसी लिंक से अनिवार्य रूप से जुड़ने के लिए कहा गया है। वीसी लिंक संबंधित अधिकारियों के सीयूजी नंबर पर अलग से भेजने की बात कही गई है। नाम, पदनाम और जिला का उल्लेख अनिवार्य रहेगा। जनसुनवाई में लापरवाही मिलने पर जवाबदेही भी तय की जाएगी।