मेजर खेंम सिंह ठाकुर (रिo) के सीने पर लगा एक और तगमा
मेजर खेंम सिंह ठाकुर (रिo) के सीने पर लगा एक और तगमा

मेजर खेंम सिंह ठाकुर (रिo) के सीने पर लगा एक और तगमा

मेजर खेंम सिंह ठाकुर (रिo) के सीने पर लगा एक और तगमा

देश भर में 243 प्रशस्ति पत्र प्राप्त करने वालो में मेजर खेंम सिंह ठाकुर इकलौते सेवानिवृत अधिकारी


मंडी, राजन पुंछी

मेजर खेंम सिंह ठाकुर (रिo) के सीने पर एक और  तगमा लग गया है। देश भर में 243 प्रशस्ति पत्र प्राप्त करने वालो में मेजर खेंम सिंह ठाकुर इकलौते सेवानिवृत अधिकारी है

यह सम्मान शुक्रवार को मेजर खेंम सिंह ठाकुर को आर्मी ट्रेनिंग कमान शिमला में आयोजित  अलंकरण समारोह में दिया गया है। यह मेडल उन्हें लेफ्टिनेंट जनरल  एसएस माहल एवीएसएम, वीएसएम, जीओसी इन सी आर्मी ट्रेनिंग कमांड शिमला के बेहाफ में  ब्रिगेडियर आर सिहाग, ब्रिगेडियर एडमिनिस्ट्रेशन द्वारा प्रदान किया गया। हालांकि  मेजर खेंम सिंह ठाकुर ने यह प्रशस्ति पत्र जिला मंडी सभी सैनिकों, वीर नारियों तथा उनके परिवारों को समर्पित किया है।

आज जिला मंडी  के लगभग 10000 सैनिक परिवार मेजर की कार्य प्रणाली से बहुत खुश है। मेजर खेंम सिंह ठाकुर वर्तमान में आर्मी कैंटीन मंडी बतौर मैनेजर कार्यरत हैं। ये ऐसे पहले मैनेजर है जिन्हे दूसरी बार इस सम्मान से नवाजा गया है। मेजर द्वारा 2 साल के एक छोटे से कार्यकाल में सेवारत/ सेवानिवृत सैनिकों, वीर नारियों तथा उनके परिवारों को घर द्वार सीएसडी की अच्छी  सुविधा उपलब्ध करवाने, सीएसडी कैंटीन का रेनोवेशन करने, कैंटीन का डिजिटलाइजेशन तथा अन्य बहुत से कार्य करके किए जो पिछले लगभग 40 वषों से लोग इंतजार कर रहे थे।

मेजर का कहना है कि वे  जब जिला मंडी में कमांडेंट होम गार्ड्स तथा अग्निशमन विभाग के पद पर कार्यरत थे तब उन्होंने  कार्ड धारकों को हो रही कठनाइयों को देखा था और ठाना  कि एक दिन वे इन लगभग 10000 सैनिक परिवारों की सेवा हेतु सीएसडी कैंटीन मण्डी में बतौर मैनेजर आकर इनकी सेवा करूंगा।

कमांडेंट होम गार्ड्स तथा अग्निशमन विभाग के पद पर रहते हुए उन्हें 09 वर्ष के कार्यकाल में उन्हें उनकी मेहनत, कर्तव्यनिष्ठा, ईमानदारी तथा लग्न से कार्य करने के लिए 08 बार प्रशंसा पत्र प्रदान किए जा चुके है। लेफ्टिनेंट जनरल राकेश कपूर और एयर वाइस मार्शल एमके गुलेरिया 

जो मंडी जिला से ही सम्बन्धित है उन्होंने सीएसडी में हुए बदलाव के लिए पहले ही मेजर की पीठ थपथपाई है।

मेजर कहते है कि अभी बहुत काम करना बाकी है। वे देश, देशवासियों तथा सैनिक परिवारों की सेवा हेतु हमेशा तत्पर रहते है बस आप सभी का प्यार, मार्गदर्शन तथा सहयोग मिलता रहना चाहिए।