ईरान के अखबार में छपी 'टारगेट लिस्ट' से बढ़ा विवाद, ट्रंप-नेतन्याहू समेत कई वैश्विक नेताओं की तस्वीरें प्रकाशित

1000260839

Controversy erupts over 'target list' published

तेहरान। Controversy erupts over 'target list' published, अमेरिका-ईरान की जंग के बीच एक और घटनाक्रम इस समय चर्चा का विषय बन गया है। ईरान के एक अखबार ने सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की हत्या का बदला लेने के लिए टारगेट किए जाने वाले लोगों की एक लिस्ट छापी है। इस लिस्ट में अमेरिका, इजरायल और यूरोपियन देशों के नेता शामिल हैं।

इस अखबार में एक पोस्टर छापा गया है, जिसमें अमेरिका के राष्टपति डोनल्ड ट्रंप, इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और अन्य बड़े नेताओं की तस्वीरें दिखाई गई हैं।

यह लिस्ट ईरान की राजधानी में अधिकारियों द्वारा पब्लिश किए जाने वाले हमशहरी अखबार में छापी गई है। इस ग्राफिक के साथ अखबार ने हेडलाइन दी- अचानक मौत के लिए तैयार रहें। साथ ही मोजतबा खामेनेई का बयान भी छापा गया है, जिसमें उन्होंने कहा था कि बदला हमारे देश की इच्छा है और इसे जरूर पूरा किया जाना चाहिए। मोजतबा ने अपने पिता के अंतिम संस्कार के बाद यह बयान दिया था।

अखबार के ग्राफिक लेआउट में US प्रेसिडेंट डोनल्ड ट्रंप और इजरायल के प्राइम मिनिस्टर बेंजामिन नेतन्याहू को उनके माथे पर स्नाइपर-स्टाइल क्रॉसहेयर टारगेट के साथ दिखाया गया है। उनके नीचे 11 और नेता हैं जो नारंगी जेल की यूनिफॉर्म पहने हुए हैं, जिनमें ब्रिटिश प्राइम मिनिस्टर कीर स्टारमर, फ्रांस के प्रेसिडेंट इमैनुएल मैक्रों, इटली के प्राइम मिनिस्टर जॉर्जिया मेलोनी, जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मर्ज़, US सेक्रेटरी ऑफ़ स्टेट मार्को रुबियो, US सेक्रेटरी ऑफ वॉर पीट हेगसेथ, US सेंट्रल कमांड कमांडर ब्रैड कूपर, इजराइल में US एम्बेसडर माइक हकाबी, इज़राइल डिफेंस फोर्सेज़ के चीफ ऑफ़ स्टाफ इयाल जमीर और इजराइली विदेश मंत्री गिदोन सार शामिल हैं।

इन सभी नेताओं को ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की हत्या के लिए अखबार ने जिम्मेदार ठहराया है।

हालांकि, फिलहाल इस बात का कोई संकेत नहीं है कि लिस्ट को तेहरान ने ऑफिशियली मंजूरी दी थी। इसके अलावा, मोजतबा खामेनेई ने उन खास लोगों की पहचान नहीं की जिन्हें वह अपने पिता की मौत के लिए जिम्मेदार मानते हैं।

यह खबर तब सामने आई जब दावा किया गया कि ईरान ट्रंप की हत्या की योजना बना रहा है। इजरायल ने ईरान द्वारा ट्र्ंप की हत्या की साजिश की जानकारी US इंटेलिजेंस को शेयर की थी। इन खुफिया रिपोर्टों से यह भी पता चल सकता है कि तुर्की में नाटो शिखर सम्मेलन से निकलते समय ट्रंप ने अपना विमान क्यों बदला और एक पुराने विमान से यात्रा क्यों की थी।

वहीं ट्रंप ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा था कि ईरान उन्हें मारना चाहता है। वे उनकी हर एक लिस्ट में हैं। इसके बाद उन्होंने ईरान को धमकी देते हुए कहा कि अगर मेरी हत्या की साजिश की कोशिश की तो ईरान को पूरी तरह तबाह कर दिया जाएगा। इसके बाद अपने ट्रुथ सोशल मीडिया अकाउंट पर ट्रंप ने लिखा कि ईरान की ओर 1000 मिसाइलें तैयार हैं और जरूरत पड़ने पर हजारों और मिसाइलें दागी जाएंगी।

रविवार को अमेरिका ने ईरान के कमर्शियल जहाजों पर किए गए हमलों के जवाब में रविवार सुबह करीब 140 ठिकानों पर हमले किए।

अमेरिकी हमलों के बाद ईरान ने खाड़ी देशों पर निशाना साधा । तेहरान ने बहरीन, कुवैत, कतर और ओमान की आलोचना करते हुए कहा कि इन देशों की भूमिका पर सवाल उठाए हैं।

वहीं कतर ने अपने और पड़ोसी देशों पर हुए हमलों को खतरनाक बढ़ोतरी करार दिया। उधर ओमान ने भी सरकारी बयान में कहा कि वह इस हमले की निंदा करता है।