'मेरी रसोई' अभियान को मिली रफ्तार, पंजाब में 25 लाख से अधिक परिवारों तक पहुंचीं राशन किटें
- By Gaurav --
- Friday, 10 Jul, 2026
Punjab’s ‘Meri Rasoi’ Drive Benefits
पंजाब सरकार ने कमजोर परिवारों के लिए पोषण सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से अपनी जारी राशन किट वितरण मुहिम 'मेरी रसोई' में तेजी लाई है, जिसके तहत अब तक लगभग 25.03 लाख परिवारों को लाभ मिल चुका है। इस अभियान का लक्ष्य राज्यभर के 40.48 लाख पात्र परिवारों को प्रत्येक तिमाही (तीन माह) में राशन किट उपलब्ध कराना है।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के दूरदर्शी नेतृत्व तथा खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले मंत्री लाल चंद कटारूचक्क की सक्रिय निगरानी में इस महत्वपूर्ण पहल के तहत मिशन मोड में राशन किटों का वितरण किया जा रहा है।
उल्लेखनीय है कि इस पहल के अंतर्गत प्रत्येक पात्र परिवार को एक राशन किट प्रदान की जाती है, जिसे घरेलू खाद्य आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है। इस किट में मासिक उपयोग के लिए दो किलोग्राम दाल, दो किलोग्राम चीनी, एक किलोग्राम नमक, 200 ग्राम हल्दी पाउडर तथा एक लीटर सरसों का तेल शामिल है। ये राशन किट राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2013 के तहत पात्र लाभार्थियों को पहले से वितरित की जा रही गेहूं के अतिरिक्त उपलब्ध कराई जा रही हैं।
राशन किटों का निर्माण मार्कफैड द्वारा किया जाता है, जबकि खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग राज्यभर में इनके वितरण नेटवर्क की निगरानी कर रहा है।
अब तक वितरित 25.03 लाख राशन किटों में लुधियाना 2,71,433 किटों के साथ पहले स्थान पर है। इसके बाद पटियाला 1,83,694 किटों के साथ दूसरे, बठिंडा 1,52,020 किटों के साथ तीसरे, अमृतसर 1,44,082 किटों के साथ चौथे, संगरूर 1,42,444 किटों के साथ पांचवें तथा फाजिल्का 1,39,759 किटों के साथ छठे स्थान पर है।
इसके अतिरिक्त जालंधर में 1,34,960, श्री मुक्तसर साहिब में 1,30,362, सीमावर्ती जिले तरनतारन में 1,28,228, होशियारपुर में 1,10,962, फिरोजपुर में 1,04,069, गुरदासपुर में 1,02,695, मानसा में 88,914, मोगा में 87,984, फतेहगढ़ साहिब में 80,305, साहिबजादा अजीत सिंह नगर (मोहाली) में 75,637, फरीदकोट में 71,896, कपूरथला में 71,785, पठानकोट में 70,037, बरनाला में 64,950, रूपनगर में 56,492, मलेरकोटला में 47,806 तथा शहीद भगत सिंह नगर में 42,737 राशन किटों का वितरण किया जा चुका है।
इस पहल का उद्देश्य पात्र लाभार्थियों की रसोई तक केवल अनाज ही नहीं, बल्कि आवश्यक प्रोटीन, खाद्य तेल तथा मसाले भी पहुंचाना है, ताकि योजना के अंतर्गत शामिल परिवारों को संतुलित एवं पौष्टिक भोजन उपलब्ध हो सके।
राशन किटों के वितरण की सतत एवं प्रभावी निगरानी की जा रही है, ताकि पारदर्शिता सुनिश्चित की जा सके, मिलावटी सामग्री पर रोक लगाई जा सके तथा प्रत्येक जरूरतमंद परिवार तक समय पर किट पहुंचाई जा सके। जिला प्रशासन, खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग तथा स्थानीय अधिकारी पूर्ण समन्वय के साथ इस जनकल्याणकारी अभियान को सफल बनाने में जुटे हुए हैं।
यह योजना राज्य सरकार की उस प्रतिबद्धता का प्रत्यक्ष प्रमाण है कि कोई भी पात्र परिवार खाद्य सुरक्षा से वंचित न रहे। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत वितरित किए जा रहे गेहूं के साथ इन राशन किटों को जोड़कर सरकार भूख और कुपोषण—दोनों चुनौतियों का प्रभावी समाधान करने का सार्थक प्रयास कर रही है।