चंडीगढ़ सेक्टर-10 में लो प्रेशर से लोग परेशान, घरों में नहीं पहुंच रहा पानी-
चंडीगढ़ सेक्टर-10 में लो प्रेशर से लोग परेशान

चंडीगढ़ सेक्टर-10 में लो प्रेशर से लोग परेशान, घरों में नहीं पहुंच रहा पानी

चंडीगढ़ सेक्टर-10 में लो प्रेशर से लोग परेशान, घरों में नहीं पहुंच रहा पानी

चंडीगढ़। कंज्यूमर्स एसोसियशन ने आज की आपातकालीन बैठक में पानी के लो प्रेशर व किल्लत के बारे में चिन्तन किया । कंज्यूमर्स एसासियेशन के प्रधान एनसी राणा व महासचिव वी के शर्मा ने चिन्ता व्यक्त करते हुये बताया कि विभागीय अधिकारी लोगों की इन मौलिक समस्यायों को गम्भीरता से नहीं ले रहे और कोई ठोस कदम नहीं उठा रहे । वास्तविकता यह है कि सैक्टर 10 के एक नलकूप जो मकान नं 680/10 के सामने है उसे स्थायी रूप से बन्द कर दिया है और दूसरा नलकूप जो डिस्पेंसरी के पास है वह अपनी क्षमता से कहीं कम चल रहा है जिस कारण पेयजल आपूर्ति में किल्लत का सामना करना पड रहा है ।
 यह समस्या करीब दो साल से बनी हुई है। जब इस मामले को लेकर अधिकारियों से बात की जाती है तो वह एक ही राग अलापते हैं कि इस दिशा में जल्द कदम उठाएंगे। स्थानीय लोगों ने प्रशासनिक अधिकारियों से पेयजल की समस्या को हल करने की मांग की है। दूसरी ओर पानी के बिल समयानुसार नहीं मिल रहे । पानी के बिल का अन्तराल 6 महीने तक हो गया है। पहले हर दो महीने पानी का बिल आता था 
कन्जयूमर्स एसोसिएशन के वरिष्ठ उपप्रधान के सी जिन्दल ने  बताया कि सेक्टर में पेयजल के लो प्रैशर व कम समय के लिये स्पलाई एक अत्यन्त गम्भीर समस्या है । ग्राऊंड फलोर पर भी पानी कम आ रहा है और पहली, दूसरी मंजिल पर तो पानी बिल्कुल भी नहीं चढ़ रहा जिस वजह से लोग दुःखी हैं।  नलकूपों में गिरते जल स्तर व उनकी  मोटर पुरानी होने के कारण बार-बार खण्डित हो जाती है। इसलिए हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण से मांग है कि इन पर अधिक क्षमता की नई मोटर लगाई जानी चाहिए। इन मोटरों की क्षमता भी बढ़ानी चाहिए । पानी की स्पलाई का समय निर्धारित समय से कम नहीं होना चाहिये। आजकल तो पाँच बजे शाम को भी पानी नहीं आता ।
मुख्य सलाहकार राजकुमार शर्मा  व आरएल सेतिया  ने कहा कि शाम के समय पानी आपूर्ति का समय भी बढ़ाया जाए। उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि लोग पेयजल का सदुपयोग करें और इसका दुरुपयोग न करें और इस ग्रीष्म ऋतु में पानी की कमी के चलते अपने वाहनों को पेयजल से ना धोयें और अपने किचन गार्डन में फूलों पौधों को पानी देकर व्यर्थ ना करें। वित्त सचिव केके वर्मा ने बताया कि उधर विभाग ने इस समस्या के समाधान के लिए अधिकारियों की ड्यूटी लगाई है, जो कुछ अंतराल पर ट्यूबवेल का निरीक्षण करेंगे। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के इंजीनियरिंग विंग के अधिकारी ड्यूटी तो दे रहे हैं, लेकिन समस्या में कोई कमी नहीं आ रही 
सैक्टर 10 आरडब्ल्यूए ने भी कई बार पत्र लिख कर विभाग को पत्र
पेयजल आपूर्ति को लेकर जल्द कदम उठाने के लिए प्रार्थना की। सेक्टर-10 आरडब्ल्यूए के प्रधान एमएल गुप्ता ने हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के अधिकारियों को एक माह में दूसरी बार पत्र लिखा है। उन्होंने लिखा है कि सेक्टर में एक अरसे से पानी की सप्लाई बुरी तरह प्रभावित है। ध्यान योग्य है कि प्रत्येक क्षेत्र नलकूपों के माध्यम से पेयजल का पूरा प्रेशर नहीं बनता । बेहतर प्रेशर के लिए नलों को ओवरहेड टैंको का प्रयोग उचित होगा। पंचकूला में 14 भूमिगत जल भंडारण टैंक है जिनकी क्षमता 2 लाख से 10 लाख गैलन है परन्तु कई बार पानी की आपूर्ति के लिए बूस्टर पम्प का भी उपयोग किया जाता है। समय की माँग है कि पंचकूला के वाटर वर्क्स को पूर्णतय सुधारा जाए तथा पेयजल की गुणवत्ता का भी ध्यान रखा जाये। पेयजल की सैम्पलिग करके टेस्टिंग करके एनालिटिकल रिपोर्ट के तथ्य सार्वजनिक किये जायें