तीन भारतीय नाविकों की मौत पर भारत का कड़ा रुख, जयशंकर ने अमेरिकी विदेश मंत्री से जताया विरोध
India takes a firm stand on the deaths of three Indian sailors
नई दिल्ली। India takes a firm stand on the deaths of three Indian sailors, विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रूबियो से गुरुवार शाम फोन पर बात की और खाड़ी इलाके में अमेरिकी नौसेना के हमलों में तीन भारतीय नाविकों की मौत पर भारत का मजबूत विरोध दर्ज कराया।
जयशंकर ने एक्स पर लिखा कि मैंने आज शाम अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो से बात की। मैंने खाड़ी में अमेरिकी नौसेना के उन हमलों पर भारत का मजबूत विरोध दोहराया, जिनमें तीन भारतीय नाविक मारे गए। उन्होंने आगे कहा कि व्यावसायिक जहाजों के खिलाफ ऐसे घातक कार्रवाई उचित नहीं है।
विदेश मंत्रालय ने कही ये बात
विदेश मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव (अमेरिका) नागराज नायडू ने अमेरिकी दूतावास के डिप्टी चीफ ऑफ मिशन और चार्ज डी’अफेयर्स जेसन मीक्स को जवाहरलाल नेहरू भवन बुलाया और हमलों पर कड़ा विरोध दर्ज कराया।
विदेश मत्रालय ने स्पष्ट किया कि भारतीय नाविकों की जान को खतरे में डालने वाले ऐसे हमले पूरी तरह अस्वीकार्य हैं और क्षेत्रीय तनाव के कारण वाणिज्यिक जहाजों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की गई है। मीक्स को बुधवार रात भी तलब किया गया था।
10 जून को सेटेबेलो नामक पलाऊ में पंजीकृत
वाणिज्यिक टैंकर पर ओमान तट के पास अमेरिकी हमला हुआ। इसमें 24 भारतीय नाविक सवार थे। 21 नाविकों को बचा लिया गया, जबकि तीन की मौत हो गई। मृतकों में डेक कैडेट आदित्य शर्मा, फिटर शिवानंद चौरसिया और चीफ इंजीनियर पटनाला सुरेश शामिल हैं।
इससे पहले आठ जून को मारिवेक्स और 11 जून को जलवीर नामक जहाज पर भी हमले हुए थे। इन दोनों घटनाओं में 40 से ज्यादा भारतीय नाविकों की जान जोखिम में पड़ी थी।