कोलकाता में चुनावी हिंसा: TMC सांसद मिताली बाग पर हमला, गाड़ी पर पथराव

कोलकाता में चुनावी हिंसा: TMC सांसद मिताली बाग पर हमला, गाड़ी पर पथराव

Election Violence in Kolkata

Election Violence in Kolkata

कोलकाता। Election Violence in Kolkata: बंगाल के हुगली जिले के गोघाट में सोमवार को विधानसभा चुनाव प्रचार के अंतिम दिन तृणमूल कांग्रेस की सांसद मिताली बाग पर हमले की घटना घटी है। जानकारी के मुताबिक मिताली बाग की एसयूवी जब सडक़ से गुजर रही थी, तभी अचानक बड़ी संख्या में लोगों ने वाहन को घेर लिया और डंडे से हमला शुरू कर दिया। इस दौरान गाड़ी का शीशा टूट गया।

बाग ने आगे की सीट पर बैठी थीं और टूटे कांच से उन्हें चोट भी लगी। घटना के बाद उन्हें आरामबाग मेडिकल कालेज में भर्ती कराया गया है, जहां पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने जाकर उनकी स्थिति की जानकारी ली।

पुलिस ने इस घटना में भाजपा से संबद्ध तीन लोगों को हिरासत में लिया है। दूसरी ओर घटना का एक वीडियो, जो सांसद ने फेसबुक लाइव के दौरान रिकार्ड किया, तेजी से प्रसारित हो रहा है। घटनास्थल पर केंद्रीय बलों की तैनाती कर दी गई है।

आरामबाग से सांसद मिताली बाग ने आरोप लगाया कि भाजपा प्रत्याशी प्रसांत दिगर के चुनाव कार्यालय के बाहर मौजूद लाठीधारी कार्यकर्ताओं ने उनके काफिले को रोककर पत्थरबाजी की और गाड़ी के शीशे तोड़ दिए। वहीं, भाजपा ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। पार्टी के प्रवक्ता देबजीत सरकार ने इसे तृणमूल का नाटक बताया।

TMC के अंदरूनी विवाद की जताई गई आशंका

घटना के बाद चुनाव आयोग ने जिला निर्वाचन अधिकारी से विस्तृत रिपोर्ट तलब की। जिला निर्वाचन अधिकारी की प्रारंभिक रिपोर्ट में इस घटना के पीछे तृणमूल के अंदरूनी विवाद की आशंका जताई गई है। वहीं, इस मामले को गंभीरता से लेते हुए चुनाव आयोग ने पुलिस को एफआइआर दर्ज कर पांच घंटे के भीतर आरोपितों की गिरफ्तारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय ने मामले का संज्ञान लेते हुए सीसीटीवी फुटेज मांगा है और सांसद के फेसबुक लाइव वीडियो की भी जांच की जा रही है। दूसरी ओर जिला निर्वाचन अधिकारी की इस प्रारंभिक रिपोर्ट पर तृणमूल कांग्रेस ने सवाल उठाए हैं। सत्तारूढ़ दल का कहना है कि बिना ठोस सबूत के इसे अंदरूनी विवाद बताना उचित नहीं है। फिलहाल, पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर सच्चाई सामने लाने की कोशिश की जा रही है।

तृणमूल-भाजपा कार्यकर्ता आपस में भिड़े 

वहीं जिले के गोघाट के बर्मा इलाके में भाजपा उम्मीदवार प्रशांत दिगर प्रचार रैली को लेकर जबरदस्त तनाव फैल गया। तृणमूल कांग्रेस और भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच हिंसक झड़प में दोनों पक्षों के कई लोग घायल हो गए। घटना के दौरान कई गाडिय़ों और बाइकों में तोडफ़ोड़ की गई है। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा।

भाजपा की आरामबाग इकाई के पूर्व अध्यक्ष बिमान घोष ने आरोप लगाया कि तृणमूल नेता संजय खान के नेतृत्व में लाठी, ईंट, लोहे की राड और हथियारों से लैस लोगों ने भाजपा समर्थकों पर हमला किया, जिसमें करीब 50 लोग घायल हुए और 20 को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा।

हालांकि, संजय खान ने इन आरोपों से इनकार करते हुए कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने अल्पसंख्यक बहुल इलाके में घुसकर बमबाजी की, जिसके बाद तनाव बढ़ा। वहीं, तृणमूल का दावा है कि भाजपा की रैली से उनके कार्यकर्ताओं और समर्थकों के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणियां और गाली-गलौज की गई। तृणमूल ने आरोप लगाया कि भाजपा के लोग अपने प्रचार वाहनों में लाठी, लोहे की राड और अन्य हथियार लेकर आए थे और उसी से हमला किया।