इच्छा' क्रोध की ज्वाला है
Desire is the Flame of Anger
आशा कार्यकर्ताओं ने चंद्रबाबू नायडू के अत्याचार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया।
* राज्य भर से बड़ी संख्या में * कार्यकर्ता उमड़ पड़े।
विजयवाड़ा में ट्रेनें, बसें और निजी वाहन नहीं पहुंच पा रहे हैं बेजवाड़ा धरना चौक पर नारे गूंज रहे हैं।** जबरन श्रम के खिलाफ युद्ध की पुकार... सर्वेक्षणों के नाम पर दिन-रात उत्पीड़न किए जाने पर आक्रोश।
** बढ़ती कीमतों के अनुरूप
न्यूनतम वेतन की मांग
** चंद्रबाबू नायडू के गठबंधन द्वारा चुनावी वादे पूरे न करने के खिलाफ एकजुट संघर्ष के लिए तैयार।
** चेतावनी दी गई है कि यदि सरकार की नीतियों में बदलाव नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
** दृढ़ संकल्प के साथ विरोध प्रदर्शन करते हुए, वे सुबह से शाम तक सड़कों पर तंबू लगाकर बैठे रहे।
( अर्थ प्रकाश / बोम्मा रेडड्डी )
विजयवाडा : : (आंध्र प्रदेश) Desire is the Flame of Anger: आशा कार्यकर्ताओं ने चंद्रबाबू सरकार के अत्याचारों के खिलाफ जोरदार आवाज उठाई। उन्होंने अपनी आकांक्षाओं की पूर्ति के लिए युद्धघोष किया। उन्होंने सरकार की नीतियों, जबरन श्रम और गुलामी की कड़ी आलोचना की। उन्होंने बेजवाड़ा में लगी आग को छोड़कर भी विरोध प्रदर्शन जारी रखा। उन्होंने बाबू की पार्टी को दस मांगों के साथ अल्टीमेटम दिया। उन्होंने सरकार को दहला दिया।