शराब पीकर गाड़ी चलाने वालों अब हो जाओ सावधान

Drunk Drivers, Beware Now

Drunk Drivers, Beware Now

पुलिस ने ट्रैफिक नियम तोड़ने और पुलिस कर्मियों से बदतमीजी करने वाले दो लोगों के खिलाफ की कार्रवाई।

कोर्ट ने 10 हजार रुपए का जुर्माना और नियम तोड़ने वाले का ड्राइविंग लाइसेंस तीन महीने के लिए सस्पेंड करने का आदेश भी दिया।

रंजीत शम्मी चंडीगढ़। शराब पीकर गाड़ी चलाने वालों अब हो जाओ सावधान। जिसको लेकर अब यूटी पुलिस ने पूरी तरह से अपनी कमर कस ली है। अगर किसी ने भी ट्रैफिक नियमों की उलंघना की तो पुलिस उसके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई करेगी। ऐसा ही मामला एक प्रकाश में आया है।यहां 4/5 जुलाई 2026 की दरमियानी रात को यूटी पुलिस के एएसआई मोहिंदर सिंह नंबर 3493/सीपी की देखरेख में अन्य ट्रैफिक पुलिस कर्मियों के साथ सेक्टर 34/35 डिवाइडिंग रोड पर ड्रंक एंड ड्राइव नाका लगाया गया था। पुलिस आने जाने वाले वाहनों की चैंकिंग कर रही थी।इसी दौरान पंजाब रजिस्ट्रेशन नंबर की एक गाड़ी को रूटीन इंस्पेक्शन के लिए रोका गया।पुलिस जांच करने पर ड्राइवर शराब के नशे में पाया गया।ब्रेथ एनालाइजर टेस्ट में खून में अल्कोहल का लेवल 238 एमजी/100 एमएल दर्ज किया गया।जो तय लिमिट 30 एमजी/100 एमएल से काफी ज़्यादा था। जब ड्राइवर से गाड़ी के डॉक्यूमेंट्स दिखाने को कहा गया। तो गाड़ी में बैठे लोगों ने कथित तौर पर सहयोग करने से मना कर दिया।अपनी पहचान बताने से मना कर दिया।और नाके पर मौजूद लेडी ट्रैफिक मार्शल सुखजीत कौर और अन्य पुलिस कर्मियों के साथ बदतमीज़ी की।जबकि वह अपनी ऑफिशियल ड्यूटी कर रहे थे।मौके पर मौजूद पुलिस कर्मियों ने हालात को देखते हुए इमरजेंसी रिस्पॉन्स सपोर्ट सिस्टम (डायल 112) पर कॉल किया गया। जानकारी मिलने पर एक पीसीआर गाड़ी और लोकल पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची।नियम तोड़ने वाले ने पीसीआर स्टाफ और लोकल पुलिस के साथ भी बदतमीज़ी की। फैक्ट्स वेरिफाई करने के बाद कानूनी कार्रवाई शुरू की गई।और गाड़ी को इंपाउंड कर लिया गया।इन लोगों को नियमों के मुताबिक कस्टडी में लिया गया। जिनकी पहचान पंजाब के जिला लुधियाना निवासी 26 वर्षीय लवजोत सिंह और 27 वर्षीय गगनप्रीत सिंह के रूप में हुई। पुलिस ने दोनों को मेडिकल चेकअप के लिए सेक्टर 16 के सरकारी अस्पताल में लेकर गए। ट्रैफिक नियम तोड़ने वाले को संबंधित लोकल पुलिस ने चंडीगढ़ के साउथ डिवीजन के सब-डिविजनल मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया।इसके अलावा, ट्रैफिक चालान को फैसले के लिए कोर्ट में भेज दिया गया। कोर्ट की कार्रवाई के दौरान, आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।इसके अनुसार चंडीगढ़ के चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट सचिन यादव की कोर्ट ने 10 हजार रुपए का जुर्माना लगाया।और जुर्माना न देने पर 15 दिन की साधारण जेल की सज़ा का भी आदेश दिया।कोर्ट ने आगे नियम तोड़ने वाले को चार दिन की कम्युनिटी सर्विस करने और 08 जुलाई 2026 को सुबह 10:00 बजे इंस्पेक्टर/ट्रैफिक (एडमिनिस्ट्रेशन), चंडीगढ़ के सामने रिपोर्ट करने का निर्देश दिया। कम्युनिटी सर्विस के दौरान नियम तोड़ने वाला तय ट्रैफिक सिग्नल/चौराहों पर वॉलंटियर के तौर पर ट्रैफिक पुलिस की मदद करेगा।ताकि आम लोगों में जागरूकता फैलाई जा सके और ट्रैफिक नियमों का पालन पक्का किया जा सके।वही कोर्ट ने नियम तोड़ने वाले का ड्राइविंग लाइसेंस तीन महीने के लिए सस्पेंड करने का आदेश दिया है। और उसे उस समय के दौरान लाइसेंस में बताई गई किसी भी क्लास की मोटर गाड़ी रखने या चलाने से डिसक्वालिफाई कर दिया है।