चंडीगढ़ में जनवरी की बारिश 14 वर्षों में तीसरी सबसे अधिक, 69% अधिक वर्षा दर्ज

January Rains in Chandigarh

January Rains in Chandigarh

चंडीगढ़, 31 जनवरी 2026: January Rains in Chandigarh: चंडीगढ़ में जनवरी 2026 के दौरान 63.6 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई, जो सामान्य औसत से 69 प्रतिशत अधिक है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD), मौसम विज्ञान केंद्र चंडीगढ़ द्वारा जारी मासिक रिपोर्ट के अनुसार, यह 2013 के बाद 14 वर्षों में जनवरी माह की तीसरी सबसे अधिक वर्षा है।
IMD के अनुसार, चंडीगढ़ में जनवरी महीने की सामान्य वर्षा 37.6 मिमी होती है। इस बार दर्ज की गई अधिक वर्षा के कारण जनवरी 2026 को ‘अधिक वर्षा’ (Excess Rainfall) की श्रेणी में रखा गया है।
14 वर्षों के आंकड़ों में तीसरा स्थान
IMD के आंकड़ों के विश्लेषण से पता चलता है कि 2013 के बाद केवल दो जनवरी माह ऐसे रहे हैं जिनमें 2026 से अधिक वर्षा दर्ज की गई—
जनवरी 2022: 207.7 मिमी
जनवरी 2017: 137.0 मिमी
इसके विपरीत, इस अवधि के कई वर्षों में जनवरी माह के दौरान कम या लगभग शून्य वर्षा दर्ज की गई, जिससे हालिया वर्षों की सर्दियों और जनवरी 2026 के बीच स्पष्ट अंतर दिखाई देता है।
पश्चिमी विक्षोभ बना कारण
IMD अधिकारियों के अनुसार, जनवरी 2026 में उत्तर भारत पर बार-बार सक्रिय पश्चिमी विक्षोभों के प्रभाव के चलते अधिक वर्षा हुई। यह आंकड़े सर्दियों की वर्षा में वर्ष-दर-वर्ष भारी उतार-चढ़ाव को दर्शाते हैं, जहां कुछ वर्षों में भारी कमी तो कुछ में तीव्र वर्षा देखने को मिलती है।
दिन गर्म, रातें ठंडी
IMD रिपोर्ट के मुताबिक, जनवरी 2026 में दिन के तापमान अपेक्षाकृत अधिक रहे।
सबसे अधिक अधिकतम तापमान: 26.3 डिग्री सेल्सियस (23 जनवरी)
सामान्य अधिकतम तापमान: 17.5 डिग्री सेल्सियस
वहीं, रातें ठंडी बनी रहीं।
सबसे कम न्यूनतम तापमान: 2.8 डिग्री सेल्सियस (13 जनवरी)
औसत न्यूनतम तापमान: 6.7 डिग्री सेल्सियस
हालांकि न्यूनतम तापमान हालिया वर्षों के औसत के करीब रहा, लेकिन यह पुराने दशकों में दर्ज अत्यधिक ठंड से ऊपर बना रहा।

राहत की खबर

IMD अधिकारियों ने बताया कि इस अतिरिक्त वर्षा से मिट्टी की नमी और भूजल स्तर में सुधार हुआ है, जिससे लगातार सूखी सर्दियों के बाद राहत मिली है।

चंडीगढ़ में जनवरी माह की वर्षा (2013–2026)

2013: 41.1 मिमी
2014: 59.6 मिमी
2015: 45.2 मिमी
2016: 1.8 मिमी
2017: 137.0 मिमी
2018: 8.1 मिमी
2019: 20.0 मिमी
2020: 47.7 मिमी
2021: 6.3 मिमी
2022: 207.7 मिमी
2023: 27.7 मिमी
2024: 0.1 मिमी
2025: 22.6 मिमी
2026: 63.6 मिमी