गोरखपुर के महुअरकोल गांव में बाइक विवाद ने दिया हिंसा का रूप
Bike dispute turns violent in Gorakhpur
नई बाजार, (गोरखपुर)। गांव में बाइक धीमा चलाने को कहने पर दो समुदायों में मारपीट हो गई। दोनों तरफ से जमकर ईंट-पत्थर चले। इसमें कई को चोंटे आई। यह मामला झंगहा थाना के महुअरकोल गांव का है। मौके पर पहुंचे सीओ चौरी चौरा रत्नेश्वर सिंह व थाने की पुलिस ने एक पक्ष से पांच लोगों को हिरासत में लिया। वहीं घायलों का अस्पताल में उपचार चल रहा है। गांव में तनाव की स्थिति को देखते हुए पुलिसकर्मी गश्त कर रहे हैं।
रविवार शाम लगभग 6:30 बजे महुअरकोल गांव की सड़क पर दो बाइक पर सवार चार युवक तेज रफ्तार से जा रहे थे। सरफराज खान की डेढ़ वर्षीय बच्ची अर्लिजा घर के दरवाजे पर खेल रही थी, जिससे उसे चोट लग गई। बच्ची की मां जहरून निशा ने बाइक चालकों को गांव में धीमा चलाने की नसीहत दे दी, इस पर चालकों ने उन्हें जबाब देने की धमकी दी।
कुछ ही देर बाद दर्जनों बाइक सवार वापस आए और सरफराज से उनकी कहासुनी शुरू हुई और मामला मारपीट में बदल गया। दोनों तरफ से ईंट-पत्थर चलाए गए। इसमें एक पक्ष से सरफराज, मनहाज, कोइल, अरमान, रौनक, अरलीजा, दिलशाद, नौसाद, तबौल और दूसरे पक्ष से दुर्गेश, दीपक, राजन, बीरू, अर्जुन, अमित, सरदार और किशन को चोंटे आई।
सूचना पर घायलों को अपताल ले जाने के लिए एंबुलेंस पहुंची, लेकिन झंगहा पुलिस ने उसे वापस भेज दिया और एक पक्ष से पांच लोगों को हिरासत में लेकर थाने चली गई।
इस घटना के बाद गांव में तनाव बना हुआ है। सीओ रत्नेश्वर सिंह ने बताया कि गांव में पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है, मामले की जांच चल रही है। कुछ को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। एंबुलेंस को वापस करने का आरोप गलत है।