यूपी कैबिनेट महाबैठक: गेहूं MSP ₹2585 और 'निजी बिजनेस पार्क' योजना को मिल सकती है मंजूरी

यूपी कैबिनेट महाबैठक: गेहूं MSP ₹2585 और 'निजी बिजनेस पार्क' योजना को मिल सकती है मंजूरी

UP Cabinet Mega-Meeting

UP Cabinet Mega-Meeting

निजी बिजनेस पार्क विकास योजना को मिल सकती है मंजूरी।

गेहूं खरीद नीति, एमएसपी 2585 रुपये प्रति क्विंटल, स्वीकृत होगी।

गोरखपुर सोलर सिटी, हेरिटेज पर्यटन सहित 21 प्रस्तावों पर मुहर।

लखनऊ। UP Cabinet Mega-Meeting, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में सोमवार को होने वाली कैबिनेट बैठक में निजी बिजनेस पार्क विकास योजना व गेहूं खरीद नीति संबंधी प्रस्ताव को स्वीकृति मिलने की संभावना है। बैठक में आवास, ऊर्जा, माध्यमिक शिक्षा, लोक निर्माण, आइटी, गृह, नमामि गंगे और ग्रामीण जलापूर्ति विभागों से जुड़े 21 और प्रस्तावों पर भी कैबिनेट की मुहर लग सकती है।

रबी विपणन वर्ष 2026-27 के लिए 2585 रुपये प्रति क्विंटल न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर गेहूं खरीद नीति को कैबिनेट की मंजूरी मिल सकती है। आमतौर पर सरकार किसानों से गेहूं खरीद के लिए बोरे उपलब्ध कराती है। वैश्विक परिस्थितियों के चलते बोरे महंगे होने पर सरकार अतिरिक्त धनराशि देने का निर्णय ले सकती है।

उत्तर प्रदेश में निवेश को बढ़ावा देने के लिए प्लग एंड प्ले माडल पर निजी विकासकर्ताओं द्वारा शेड वाले बिजनेस पार्क विकसित किए जाने की योजना संबंधी औद्योगिक विकास विभाग के प्रस्ताव को भी कैबिनेट की स्वीकृति मिल सकती है। इसके तहत निजी विकासकर्ता को सरकार द्वारा भूमि उपलब्ध कराई जाएगी।

विकासकर्ता उस भूमि पर शेड सहित बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराएगा। शेड निवेशकों को किराए पर उपलब्ध होंगे। इन्वेस्ट यूपी ने हाल ही में निवेशकों से इस संबंध में सुझाव लिया था। सिंगापुर व जापान में मुख्यमंत्री ने स्वयं भी कई बड़े औद्योगिक शेड देखे थे जहां पर छोटे-छोटे निवेशकों ने अपनी इकाइयां स्थापित की थीं।

माध्यमिक शिक्षा विभाग का एनसीसी निदेशालय में लिपिकीय संवर्ग के पुनर्गठन, उत्तर प्रदेश सरकारी चीनी मिल्स संघ को पेराई सत्र 2025-26 में गन्ना मूल्य भुगतान के लिए राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम से मिलने वाले ऋण पर गारंटी देने, जल संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए नमामि गंगे एवं ग्रामीण जलापूर्ति विभाग के शोधित जल के गैर-पेय कार्यों में उपयोग की नीति लागू करने, बुंदेलखंड औद्योगिक विकास प्राधिकरण (बीडा) के कार्मिकों पर अन्य प्राधिकरणों की तरह नियम लागू करने के लिए उत्तर प्रदेश औद्योगिक विकास प्राधिकरण केंद्रीयित सेवा (द्वितीय संशोधन) नियमावली-2026 संबंधी प्रस्ताव को भी कैबिनेट की मंजूरी मिल सकती है।

संभल में गंगा एक्सप्रेसवे के किनारे इंटीग्रेटेड लाजिस्टिक एंड मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर (आइएमएलसी) की स्थापना से संबंधित प्रस्ताव को भी स्वीकृति दिए जाने की संभावना है। विभिन्न योजनाओं के तहत राज्य में निवेश करने वाले निवेशकों को सब्सिडी की राशि जारी करने संबंधी आठ प्रस्तावों को भी मंजूरी दी जा सकती है।

लखनऊ में प्रस्तावित इंटरनेशनल एक्जीबिशन सह कन्वेंशन सेंटर की 1400 करोड़ रुपये से अधिक पुनरीक्षित लागत को मंजूरी देने के अलावा प्राचीन धरोहर छतर मंजिल व रोशनउद्दौला कोठी को पीपीपी माडल पर हेरिटेज पर्यटन के लिए विकसित करने के लिए भूमि का स्वामित्व पर्यटन विभाग को हस्तांतरित करने तथा बुलंदशहर एवं खुर्जा विकास प्राधिकरण के विकास क्षेत्र में 14 गांवों को शामिल करने संबंधी प्रस्ताव को भी कैबिनेट की स्वीकृति मिल सकती है।

गोरखपुर शहर को सोलर सिटी के तौर पर विकसित करने के लिए चिलुआताल में 20 मेगावाट क्षमता के फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांट की स्थापना करने, 2242.90 करोड़ रुपये से नेवेली उत्तर प्रदेश द्वारा पछवारा साउथ कोल ब्लाक का विकास करने, लखीमपुर खीरी में अकबरपुर-रायपुर गांव के बीच शारदा नदी के ढेबर घाट पर सेतु व पहुंच मार्ग आदि के कार्यों की लागत संबंधी प्रस्ताव को भी कैबिनेट की स्वीकृति मिल सकती है।

मंत्रियों संग बैठक भी करेंगे योगी

कैबिनेट की बैठक के बाद सुबह 11:30 बजे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सभी मंत्रियों के साथ अलग से बैठक भी करेंगे। बैठक में सरकार के नौ वर्ष के कार्यों के साथ प्रदेश के विकास, प्रशासनिक सुधार और जनहित से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होगी। मुख्यमंत्री, मंत्रियों से फीडबैक लेंगे और आगे के कामकाज के लिए जरूरी दिशा-निर्देश भी देंगे।