आंखों पर काला चश्मा, हाथों में गुलाल और फूल, गोरखपुर में कुछ इस अंदाज में खेली सीएम योगी आदित्यनाथ ने होली
CM Yogi Adityanath Celebrated Holi in Gorakhpur
गोरखपुर। CM Yogi Adityanath Celebrated Holi in Gorakhpur: गोरखनाथ मंदिर में होलिकोत्सव का परंपरागत शुभारंभ करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि होली केवल रंगों का पर्व नहीं, बल्कि सामाजिक समरसता, सुरक्षा और विश्वास का उत्सव है।
उन्होंने कहा कि उमंग और उल्लास के पर्व तभी उत्सवी स्वरूप में मनाए जाते हैं, जब समाज में शांति, सौहार्द और सुरक्षा का वातावरण हो।
उत्तर प्रदेश और देश आज इसी विश्वास के साथ आगे बढ़ रहा है। मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से कहा कि यदि हम सब प्रहलाद की अटूट आस्था, शबरी की भक्ति और अर्जुन की कर्तव्यनिष्ठा को अपने जीवन में उतार लें और अपनी भूमिका का ईमानदारी से निर्वहन करें, तो सकारात्मक शक्तियां स्वतः मजबूत होंगी।
नकारात्मक ताकतें स्वयं ही पराभव की ओर चली जाएंगी। उन्होंने कहा कि जहां कहीं अराजकता और अशांति है, वहां सज्जन शक्ति के संरक्षण और दुर्जन शक्ति के दमन के लिए ईश्वरीय प्रेरणा हर युग में मार्गदर्शन देती है।
बुधवार सुबह मंदिर परिसर में मीडियाकर्मियों से बातचीत में मुख्यमंत्री ने कहा कि हजारों वर्षों की होली की विरासत को भारत की ऋषि परंपरा ने जिस भाव से आगे बढ़ाया, आज की पीढ़ी उसी उत्साह के साथ उसे संरक्षित कर रही है।
61 हजार से ज्यादा जगहों पर हुआ होली दहन
उन्होंने बताया कि प्रदेश में एक लाख 61 हजार से अधिक स्थानों पर होलिकादहन के कार्यक्रम शांतिपूर्वक संपन्न हुए, जो सामाजिक एकता का प्रतीक हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत विरासत और विकास दोनों को साथ लेकर आगे बढ़ रहा है। आज का भारत आत्मनिर्भर और विकसित राष्ट्र बनने की दिशा में तेजी से अग्रसर है।
अमृतकाल में देश को सशक्त नेतृत्व मिला है, जिस पर हर नागरिक को गर्व है। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को होली की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि समरसता, सौहार्द और सकारात्मक ऊर्जा का यह पर्व आने वाली पीढ़ियों को भी निरंतर प्रेरित करता है।