Over 30,000 students without
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हरियाणा में 30 हजार से ज्यादा छात्र बिना दाखिले के, सीटों की कमी से बढ़ी परेशानी

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Over 30,000 students without

हरियाणा के सरकारी स्कूलों में प्रवेश को लेकर गंभीर स्थिति सामने आई है, जहां 30 हजार से अधिक छात्र पुराने स्कूलों से नाम कटने के बावजूद नए शिक्षण संस्थानों में दाखिला नहीं ले पाए हैं। विभागीय आंकड़ों के अनुसार, कुल 30,919 विद्यार्थियों का भविष्य फिलहाल अनिश्चित बना हुआ है।

इस समस्या के पीछे प्रमुख कारणों में सरकारी और संस्कृति मॉडल स्कूलों में सीमित सीटें, विषय संयोजन की कमी और कई स्कूलों द्वारा छात्रों के शैक्षणिक प्रदर्शन के आधार पर प्रवेश से इनकार करना शामिल है।

जिलावार आंकड़ों पर नजर डालें तो गुरुग्राम (3,162), करनाल (3,045) और हिसार (2,222) में सबसे ज्यादा छात्र प्रभावित हैं। इसके अलावा फरीदाबाद (1,861), सोनीपत (1,682), सिरसा (1,463) और रेवाड़ी (1,469) में भी बड़ी संख्या में छात्र प्रवेश से वंचित हैं।

अन्य जिलों में भी स्थिति चिंताजनक है, जहां अंबाला, भिवानी, चरखी दादरी, झज्जर, जींद, कैथल, महेंद्रगढ़, नूंह, पलवल, पंचकूला, पानीपत, रोहतक और यमुनानगर में हजारों छात्र नए स्कूलों में दाखिले के लिए भटक रहे हैं।

यह मामला शिक्षा व्यवस्था में सीटों की कमी और प्रबंधन की चुनौतियों को उजागर करता है, जिससे छात्रों और अभिभावकों की चिंता बढ़ गई है।