नोएडा इंजीनियर आर्यन मौत मामला: CCTV फुटेज आया सामने, करंट लगने और खुले नाले पर उठे नए सवाल

नोएडा इंजीनियर आर्यन मौत मामला: CCTV फुटेज आया सामने, करंट लगने और खुले नाले पर उठे नए सवाल

1000259604

Noida engineer Aryan death case: CCTV footage surfaces

नोएडा: Aryan Death CCTV Video: नोएडा के सेक्टर-57 में 28 वर्षीय इंजीनियर आर्यन की मौत का मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है. अब इस घटना का सीसीटीवी फुटेज सामने आया है, जिसने कई नए सवाल खड़े कर दिए हैं. फुटेज में आर्यन बारिश के पानी से बचते हुए नाले के किनारे चलता दिखाई देता है और कुछ ही क्षण बाद अचानक नाले में गिर जाता है. अधिकारियों का दावा है कि आर्यन को करंट लगने के बाद वह नाले में गिरा, जिससे उसकी मौत हो गई. घटना ने एक बार फिर नोएडा प्राधिकरण और बिजली विभाग की लापरवाही को कटघरे में खड़ा कर दिया है. स्थानीय लोग खुले नालों और जर्जर बिजली व्यवस्था को इस हादसे की बड़ी वजह मान रहे हैं.

CCTV में दिखा हादसे का पूरा घटनाक्रम

सामने आए सीसीटीवी फुटेज में आर्यन बारिश के बीच सड़क किनारे चलते दिखाई देता है. पानी से बचने के लिए वह नाले के बिल्कुल किनारे से गुजर रहा था. फुटेज में अचानक वह संतुलन खोकर नाले में गिरता दिखाई देता है. बताया जा रहा है कि वीडियो के अंतिम करीब 10 सेकंड में एक व्यक्ति उसे उठाने और बचाने की कोशिश करता भी नजर आता है. यही फुटेज अब जांच का महत्वपूर्ण आधार बन गया है.

अधिकारियों का दावा- करंट लगने से हुई मौत

प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार आर्यन की मौत करंट लगने के कारण हुई. आशंका जताई जा रही है कि जिस स्थान पर हादसा हुआ, वहां मौजूद लोहे के बिजली खंभे में करंट उतर आया था. करंट लगने के बाद आर्यन का संतुलन बिगड़ा और वह खुले नाले में गिर गया. हालांकि इस पूरे मामले की विस्तृत जांच अभी जारी है.

खुले नाले पर फिर उठे सवाल

नोएडा में इससे पहले इंजीनियर युवराज मेहता की मौत का मामला भी चर्चा में रहा था. उस घटना के बाद नोएडा प्राधिकरण ने खुले नालों और खतरनाक स्थानों को सुरक्षित बनाने का दावा किया था. प्राधिकरण के सीईओ कृष्णा करुणेश ने भी शहर के खुले नालों को ढंकने के निर्देश दिए थे. इसके बावजूद सेक्टर-57 का नाला खुला होने से एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं.

परिवार का इकलौता सहारा था आर्यन

28 वर्षीय आर्यन मूल रूप से उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद जिले का रहने वाला था. वह अपनी मां के साथ नोएडा के सेक्टर-22 में रहता था. पिता का करीब पांच वर्ष पहले निधन हो चुका था. परिवार में कमाने वाला अकेला सदस्य आर्यन ही था. वह सेक्टर-57 स्थित एक निजी कंपनी में टेस्टिंग इंजीनियर के रूप में कार्यरत था और रोज की तरह काम पर जा रहा था, तभी यह हादसा हो गया.

बिजली विभाग भी जांच के घेरे में

घटनास्थल पर मौजूद जर्जर बिजली खंभे की तस्वीरें और वीडियो सामने आने के बाद बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठने लगे हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि खंभे की स्थिति पहले से खराब थी और उसकी मरम्मत नहीं की गई. यदि समय रहते कार्रवाई हुई होती तो शायद यह हादसा टल सकता था.

घटना के बाद हरकत में आया प्राधिकरण

आर्यन की मौत के बाद नोएडा प्राधिकरण सक्रिय दिखाई दे रहा है. जानकारी के मुताबिक आसपास के क्षेत्रों में मौजूद खुले नालों को स्लैब से ढंकने का काम शुरू कर दिया गया है ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके.