स्मार्ट मीटरों पर रोक की अफवाह गलत, प्रदेशभर में स्थापना अभियान जारी रहेगा: बिजली बोर्ड
- By Gaurav --
- Friday, 17 Jul, 2026
No Ban on Smart Meter Installation
स्मार्ट बिजली मीटरों की स्थापना को लेकर प्रदेशभर में फैली अफवाहों पर बिजली बोर्ड प्रबंधन ने स्पष्टीकरण जारी किया है। बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि हमीरपुर सिविल न्यायालय का अंतरिम आदेश केवल एक उपभोक्ता के व्यक्तिगत मामले तक सीमित था और इसका प्रदेशभर में चल रहे स्मार्ट मीटर स्थापना अभियान पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। योजना पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार जारी रहेगी।
बोर्ड के अनुसार, हमीरपुर जिले के लंबलू निवासी जैमल सिंह द्वारा दायर याचिका पर न्यायालय ने अंतरिम आदेश दिया था। इसके बाद सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से यह भ्रामक सूचना फैलाई गई कि प्रदेश में स्मार्ट मीटर लगाने पर रोक लगा दी गई है, जिससे उपभोक्ताओं के बीच भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो गई।
बिजली बोर्ड ने इस आदेश के खिलाफ न्यायालय में अपील दायर की। 13 जुलाई को हुई सुनवाई के दौरान विभाग ने विद्युत अधिनियम-2003 तथा स्मार्ट मीटर योजना से जुड़े कानूनी और तकनीकी पक्ष अदालत के समक्ष प्रस्तुत किए। विभाग ने संबंधित उपभोक्ता को आश्वस्त किया कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद भी उनका बिजली कनेक्शन पोस्टपेड मोड में ही रहेगा और उनकी सहमति के बिना उसे प्रीपेड में परिवर्तित नहीं किया जाएगा।
इस आश्वासन के बाद संबंधित उपभोक्ता ने स्मार्ट मीटर लगवाने पर सहमति दे दी और अपना वाद वापस ले लिया।
बिजली बोर्ड ने कहा कि स्मार्ट मीटर आधुनिक, पारदर्शी और उपभोक्ता हितैषी बिजली व्यवस्था की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे बिलिंग प्रणाली अधिक पारदर्शी होगी, ऊर्जा प्रबंधन बेहतर होगा, उपभोक्ताओं को तेज और गुणवत्तापूर्ण सेवाएं मिलेंगी तथा बिजली वितरण व्यवस्था की दक्षता बढ़ेगी। साथ ही बिजली हानियों में कमी आएगी और भविष्य में बिजली दरों को नियंत्रित रखने में भी मदद मिलेगी।
बोर्ड के प्रवक्ता ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे किसी भी अपुष्ट या भ्रामक सूचना पर विश्वास न करें और केवल विभाग द्वारा जारी आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें। साथ ही स्मार्ट मीटर स्थापना अभियान में सहयोग देने का भी आग्रह किया।