वाराणसी में सोने के लॉकेट के विवाद में सास की हत्या
Mother-in-law murdered in Varanasi over
वाराणसी: सोने के बढ़ते भाव से पूरी दुनिया परेशान है। हर घर परिवार में सोना एक भविष्य के सुरक्षित निवेश के तौर पर देखा जाता है। लेकिन सोने की बढ़ती कीमतों की वजह से अब घरों में सोने को लेकर लड़ाई सामने आने लगी है। वाराणसी की एक घटना ने सबको सन्न कर दिया।
फूलपुर थाने के लठिया गांव में एक सोने के लॉकेट के लिए नाबालिग बहु ने अपनी सास को मौत के घाट उतार दिया। बहु ने सास पर कुल्हाड़ी से ऐसा वार किया कि सास ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। पुलिस ने आरोपी बहु को गिरफ्तार कर बाराबंकी महिला कारागार भेज दिया है।
इसी बात पर ले ली जान
लठिया गांव की रहने वाली आशा देवी के बेटे की शादी 3 वर्ष पूर्व बस्ती में ही रहने वाले एक लड़की से की थी। आशा देवी के पति और बेटे दोनों मजदूरी का काम करते थे। आशा देवी की एक शादीशुदा बेटी भी थी। फूलपुर एस ओ अतुल कुमार सिंह ने बताया कि आरोपी नाबालिग बहु ने बताया कि सास आशा देवी घर की कीमतें अपनी शादीशुदा बेटी को दे दिया करती थी। एक सोने का लॉकेट भी आशा देवी ने कथिराव बाजार में एक सुनार के यहां गिरवी रख कर इलाज के लिए पैसे लिए थे। इसी लॉकेट को वापस लाने के बाद इसे आशा देवी अपनी बेटी को देना चाहती थी। इसी बात को लेकर नाबालिग बहु ने आपत्ति की, जिसके बाद गुस्से में आ कर नाबालिग बहु ने अपनी सास आशा देवी पर कुल्हाड़ी से वार कर दिया।
आरोपी को भेजा गया बाराबंकी जेल
एस ओ फूलपुर अतुल कुमार सिंह ने बताया कि लठिया गांव के रहने वाले एक सामान्य लेबर परिवार की महिला पर कुल्हाड़ी से जानलेवा हमले कि हमे सूचना मिली। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। मौके पर पुलिस ने आरोपी बहु को के साथ हत्या में इस्तेमाल की गई कुल्हाड़ी भी जब्त कर ली। मौके पर खून से लथपथ सास आशा देवी का शव पोस्टमार्टम के लिए भेजवाया गया। जांच में पता चला कि आरोपी बहु नाबालिग है। इसलिए विधिक कार्रवाई के बाद उसे बाराबंकी के महिला जेल में बच्चे के साथ भेज दिया गया।