मेरठ से प्रयागराज: 12 घंटे का सफर अब सिर्फ 6 घंटे में; गंगा एक्सप्रेसवे बना 'नए यूपी' की लाइफलाइन
Meerut to Prayagraj: A 12-Hour Journey Now Takes Just 6 Hours
लखनऊ। उत्तर प्रदेश का सबसे लंबा गंगा एक्सप्रेसवे रफ्तार भरने को तैयार है। यह एक्सप्रेसवे पश्चिम में मेरठ से पूर्व में प्रयागराज को जोड़ेगा। अभी सड़क मार्ग के जरिये मेरठ से प्रयागराज जाने के लिए मेरठवासियों के पास तीन विकल्प हैं। तीनों से प्रयागराज जाने में करीब 12 घंटे का समय लगता है। दूरी भी 650 से 700 किलोमीटर है। गंगा एक्सप्रेसवे चालू होने से दूरी घटकर 594 किलोमीटर हो जाएगी और मात्र छह घंटे में यात्रा पूरी हो जाएगी। आइए जानते हैं गंगा एक्सप्रेसवे का पूरा रूट मैप क्या है?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 18 दिसंबर 2021 को गंगा एक्सप्रेसवे का नींव का पत्थर रखा था। इसके बाद उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीडा) ने दिसंबर 2022 में इसका निर्माण शुरू कराया था। 594 किलोमीटर के इस एक्सप्रेसवे के निर्माण पर सरकार ने 36,230 करोड़ रुपये खर्च किए हैं। यूपीडा ने इसके निर्माण के लिए 7550.42 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण किया है।

मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर, अमरोहा, संभल, बदायूं, शाहजहांपुर, हरदोई, उन्नाव, रायबरेली, प्रतापगढ़ व प्रयागराज के 519 गावों से होकर गुजरने वाले इस एक्सप्रेसवे का उद्घाटन होने के बाद 12 जिलों के औद्योगिक विकास को रफ्तार मिलेगी।
गंगा एक्सप्रेसवे का रूट मैप?
594 किलोमीटर लंबा गंगा एक्सप्रेसवे मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर, अमरोहा, संभल, बदायूं, शाहजहांपुर, हरदोई, उन्नाव, रायबरेली, प्रतापगढ़ और प्रयागराज समेत 12 जिलों को जोड़ता है। 594 किलोमीटर लंबा गंगा एक्सप्रेसवे मेरठ जिले के बिजौली गांव से शुरू होकर प्रयागराज जिले के जूदापुर गांव तक जाता है।

अभी बस से 12 से 15 घंटे का है मेरठ से प्रयागराज का सफर
मेरठ से प्रयागराज तक वर्तमान में उत्तर प्रदेश परिवहन निगम की साधारण बसों का किराया करीब 983 से 984 रुपये के बीच है। वहीं एसी और निजी बसों में यह किराया 1,099 से 1,699 रुपये तक जाता है। इस रूट पर बस यात्रा में आमतौर पर 12 से 15 घंटे लगते हैं, हालांकि ट्रैफिक की स्थिति के अनुसार यह समय 16 घंटे तक भी पहुंच जाता है। मेरठ से प्रयागराज के लिए सीधी बस सेवा आमतौर पर शाम करीब सात बजे के आसपास शुरू होती है।

वायु सेना की ताकत बनेगा गंगा एक्सप्रेसवे
गंगा एक्सप्रेसवे पश्चिम से लेकर पूर्वी उत्तर प्रदेश के नागरिकों का सफर आसान बनाने के साथ-साथ भारतीय वायु सेना की ताकत भी बनेगा। एक्सप्रेसवे पर शाहजहांपुर के जलालाबाद में 3.5 किलोमीटर की हवाई पट्टी का भी निर्माण किया गया है। आपातकालीन स्थिति व युद्ध होने पर रणनीतिक तौर पर यह हवाई पट्टी लड़ाकू विमानों के उतरने व उड़ान भरने के रूप में इस्तेमाल की जाएगी।
