हिमाचल में सरकारी नौकरी से पहले डोप टेस्ट अनिवार्य, नशे के खिलाफ सुक्खू सरकार का बड़ा फैसला
- By Gaurav --
- Sunday, 31 May, 2026
Mandatory Doping Test Before
सुखविंदर सिंह सुक्खू ने राज्य में नशीले पदार्थों के खिलाफ अभियान को और मजबूत बनाने के लिए बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री ने सभी विभागों को निर्देश दिए हैं कि सरकारी सेवा में भर्ती होने से पहले अभ्यर्थियों का डोपिंग टेस्ट अनिवार्य किया जाए।
प्रशासनिक सचिवों की बैठक की अध्यक्षता करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने ‘चिट्टा’ (हेरोइन) और अन्य नशीले पदार्थों के खिलाफ जन आंदोलन शुरू किया है तथा ड्रग माफिया पर सख्त कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि युवाओं को नशे के खतरे से बचाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।
मुख्यमंत्री ने चिट्टा तस्करी में संलिप्त पाए गए सरकारी कर्मचारियों के खिलाफ विभागवार कार्रवाई का ब्यौरा भी मांगा। साथ ही सभी विभागों को नियुक्ति से पहले अनिवार्य डोपिंग जांच लागू करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी करने को कहा।
बैठक में कर्मचारी कल्याण से जुड़े विभिन्न मामलों की भी समीक्षा की गई। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को चतुर्थ श्रेणी पेंशनभोगियों की लंबित ग्रेच्युटी और अवकाश नकदीकरण राशि का जल्द भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके अलावा अनुकंपा के आधार पर नौकरी की प्रतीक्षा कर रहे आवेदकों का पूरा विवरण उपलब्ध कराने को कहा ताकि लंबित मामलों का समयबद्ध निपटारा किया जा सके।