Namo Bharat Train: दिल्ली से ऋषिकेश का सफर होगा सिर्फ ढाई घंटे में, हाई स्पीड कॉरिडोर को मिली बड़ी मंजूरी

Namo Bharat Train: दिल्ली से ऋषिकेश का सफर होगा सिर्फ ढाई घंटे में, हाई स्पीड कॉरिडोर को मिली बड़ी मंजूरी

Journey from Delhi to Rishikesh to take just two and a half hours

Namo Bharat Train

 देहरादून। Namo Bharat Train, डबल इंजन सरकार के दम से अब दिल्ली से ऋषिकेश का सफर भी ढाई घंटे में पूरा हो सकेगा। हाई स्पीड नमो भारत ट्रेन (आरआरटीएस) के हरिद्वार व ऋषिकेश तक पहुंचने का रास्ता साफ हो गया है।

मुख्यमंत्री धामी ने पिछले दिनों प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मुलाकात कर दिल्ली-मेरठ आरआरटीएस नेटवर्क को मेरठ से हरिद्वार और ऋषिकेश तक विस्तारित करने का आग्रह किया था।

150 किलोमीटर लंबा कॉरिडोर

इसके बाद उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश सरकार व राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (एनसीआरटीसी) के बीच करीब 150 किलोमीटर लंबे प्रस्तावित कॉरिडोर को लेकर सहमति बन गई है।

उत्तराखंड सरकार ने राज्य में पड़ने वाले लगभग 78 किलोमीटर लंबे हरिद्वार-ऋषिकेश खंड की विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (डीपीआर) तैयार कराने के लिए 7.02 करोड़ रुपये (जीएसटी अतिरिक्त) का परामर्श शुल्क आवश्यक धनराशि आकस्मिकता निधि से उपलब्ध कराने का निर्णय लिया है।

नया ट्रैक मेरठ के मोदीपुरम स्टेशन से शुरू होकर मुजफ्फरनगर, रुड़की और हरिद्वार होते हुए ऋषिकेश के अंतिम छोर लक्ष्मणझूला तक पहुंचेगा। इसमें शेष 72 किलोमीटर का हिस्सा उत्तर प्रदेश का है।

परियोजना के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त

परियोजना को गति देने के लिए उत्तराखंड सरकार ने अपर सचिव रीना जोशी को नोडल अधिकारी नियुक्त किया है, जबकि एनसीआरटीसी और उत्तर प्रदेश सरकार भी अपने-अपने नोडल अधिकारी तैनात कर चुके हैं। अब परियोजना के लिए फिजिबिलिटी सर्वे अगला महत्वपूर्ण चरण होगा।

इसमें प्रस्तावित रूट की तकनीकी व्यवहार्यता, संभावित स्टेशन, यात्रियों की संख्या, भूमि अधिग्रहण, निर्माण लागत, वित्तीय माडल और पर्यावरणीय प्रभाव का विस्तृत अध्ययन किया जाएगा। गंगा तटीय क्षेत्रों में निर्माण की चुनौतियों और कुंभ व पर्यटन सीजन में संभावित यात्री दबाव का भी आकलन होगा।

देश के सबसे आधुनिक क्षेत्रीय रेल नेटवर्क से जुड़ेंगे

वर्तमान में दिल्ली से ऋषिकेश पहुंचने में सड़क मार्ग से पांच से छह घंटे लगते हैं। नमो भारत ट्रेन शुरू होने के बाद यह दूरी महज ढाई घंटे में पूरी हो सकेगी।

इससे तीर्थयात्रियों, पर्यटकों और दिल्ली-एनसीआर में रहने वाले लाखों उत्तराखंडवासियों को तेज, सुरक्षित और आधुनिक परिवहन सुविधा मिलेगी। साथ ही राज्य में पर्यटन, व्यापार, निवेश और रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे और हरिद्वार-ऋषिकेश देश के सबसे आधुनिक क्षेत्रीय रेल नेटवर्क से जुड़ जाएंगे।