CREST घोटाला: 75 करोड़ रुपये के कथित फंड घोटाले में पूर्व CEO नवनीत श्रीवास्तव गिरफ्तार, CBI ने लिया तीन दिन का रिमांड
CREST Scam: Former CEO Navneet Srivastava arrested
चंडीगढ़। CREST Scam: Former CEO Navneet Srivastava arrested, सीबीआई ने 75 करोड़ रुपये के क्रेस्ट घोटाले में अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की है। सीबीआई ने चंडीगढ़ रिन्यूएबल एनर्जी एंड साइंस एंड टेक्नोलाजी प्रमोशन सोसायटी (क्रेस्ट) के पूर्व मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) नवनीत श्रीवास्तव को गिरफ्तार किया है।
उन पर फर्जी कंपनियां बनाकर क्रेस्ट के फंड में करोड़ों रुपये के गबन का आरोप है। वह लंबे समय से शक के दायरे में थे। सीबीआई ने लंबी जांच के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया है।
सीबीआई ने उन्हें जिला अदालत में पेश कर उनका तीन दिनों का रिमांड हासिल किया। नवनीत श्रीवास्तव 2014 बैच के इंडियन फारेस्ट सर्विसेज अधिकारी हैं।
चंडीगढ़ में आईडीएफसी बैंक के तीन खाते
सीबीआई के मुताबिक, जांच के दौरान नवनीत श्रीवास्तव की भूमिका सामने आने के बाद यह कार्रवाई की गई। जांच में पता चला कि क्रेस्ट के आइडीएफसी बैंक, चंडीगढ़ में तीन खाते थे।
इन खातों में जमा करोड़ों रुपये का आरोपितों ने निजी इस्तेमाल किया। नवनीत श्रीवास्तव व अन्य आरोपितों ने फर्जी कंपनियां बनाकर क्रेस्ट के फंड का निजी इस्तेमाल किया।
इस तरह क्रेस्ट को करीब 75 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ। सीबीआई को जांच के दौरान पता चला कि जिन कंपनियों में सरकारी रकम को ट्रांसफर किया गया था, उनमें से एक कंपनी में तो नवनीत श्रीवास्तव की पत्नी और एक अन्य रिश्तेदार निदेशक थे। इसलिए सीबीआई को शुरुआत से उन पर शक था।
इस मामले में क्रेस्ट के तत्कालीन प्रोजेक्ट डायरेक्टर सुखविंदर सिंह अबरोल और अकाउंटेंट साहिल कुक्कड़ को सीबीआई पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। दोनों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल हो चुकी है और वह फिलहाल न्यायिक हिरासत में हैं।
करीब एक करोड़ रुपये हुए थे ट्रांसफर
श्रीवास्तव की संपत्तियों की जांच कर रही सीबीआई सूत्रों के मुताबिक सीबीआई को पता चला है कि नवनीत श्रीवास्तव की पत्नी की कंपनी में करीब एक करोड़ रुपये ट्रांसफर हुए थे।
सीबीआई को उनकी गोवा में संपत्ति का भी पता चला है। ऐसे में सीबीआई उनकी तमाम संपत्तियों का रिकॉर्ड जुटाने में लग गई है। सीबीआई उनके खिलाफ आय से अधिक संपत्ति का भी केस दर्ज कर सकती है।
13 आरोपितों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल
75 करोड़ रुपये के इस घोटाले में क्रेस्ट के अधिकारियों के अलावा आइडीएफसी फर्स्ट बैंक के पांच अधिकारी भी आरोपित हैं। सीबीआई ने दो दिन पहले ही सभी आरोपितों के खिलाफ चंडीगढ़ जिला अदालत में चार्जशीट दाखिल की थी।
आरोपितों में पांच बैंक अधिकारी, क्रेस्ट के दो सरकारी कर्मचारी, दो शेल कंपनियां, उनके तीन साझेदार/निदेशक और एक निजी व्यक्ति शामिल हैं। सभी आरोपित अभी न्यायिक हिरासत में हैं। सीबीआई क्रेस्ट के अन्य अधिकारियों की भूमिका की भी जांच कर रही है।
lसीबीआई की अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई इंडियन फारेस्ट सर्विसेस अधिकारी चढ़ा हत्थे lसीबीआई ने अदालत से लिया तीन दिनों का रिमांड, अन्य अधिकारी भी रडार पर lफर्जी कंपनियां बनाकर क्रेस्ट के फंड का निजी इस्तेमाल करते थे आरोपित