यूपीएसआइएफएस लखनऊ में अंतरराष्ट्रीय कार्यशाला: अपराध नियंत्रण में तकनीक और एआई का महत्व

यूपीएसआइएफएस लखनऊ में अंतरराष्ट्रीय कार्यशाला: अपराध नियंत्रण में तकनीक और एआई का महत्व

International Workshop at UPSIFS Lucknow

International Workshop at UPSIFS Lucknow

लखनऊ। उत्तर प्रदेश स्टेट इंस्टीट्यूट आफ फारेंसिक साइंस (यूपीएसआइएफएस) लखनऊ में गुरुवार को दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय कार्यशाला के समापन के मौके पर एडीजी कानून एवं व्यवस्था अमिताभ यश ने कहा कि तकनीक का अंतिम उद्देश्य आम नागरिक को सुरक्षा और न्याय की त्वरित उपलब्धता सुनिश्चित करना है।

पारंपरिक पुलिसिंग का स्वरूप अब तेजी से बदल रहा है। आज अपराध नियंत्रण में डाटा, विश्लेषण और कृत्रिम बुद्धिमत्ता की निर्णायक भूमिका है।

इस अवसर पर नेशनल इंस्टीट्यूट आफ फार्मास्यूटिकल एजुकेशन एंड रिसर्च (नाइपर) रायबरेली तथा बीरबल सहनी इंस्टीट्यूट के साथ अनुसंधान एवं नवाचार को लेकर समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए।

संस्थान के संस्थापक निदेशक डा. जीके गोस्वामी ने अतिथियों को सम्मानित किया।