भारत सरकार ने खामेनेई की मौत पर शोक जताया; विदेश सचिव ईरान के दूतावास पहुंचे, विदेश मंत्री जयशंकर ने ईरानी विदेश मंत्री से बात की
Indian Government Condoles The Death of Iran Supreme Leader Khamenei
India On Khamenei Death: एक मार्च को 'अमेरिका-इजरायल' के भीषण हमले में मारे गए ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई को लेकर दुनिया के तमाम हिस्सों में शोक और मातम का माहौल है। इस बीच अब भारत सरकार ने भी खामेनेई की मौत पर शोक व्यक्त किया है। आज भारत सरकार की ओर से विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने नई दिल्ली में ईरान के दूतावास पहुंचे। जहां उन्होंने ईरान के मारे गए सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के प्रति संवेदना व्यक्त की, साथ ही वहां शोक पुस्तिका पर शोक सन्देश लिखा और हस्ताक्षर किए। पिछले दिनों खामेनेई की मौत पर भारत सरकार द्वारा शोक न जताए जाने के चलते सवाल उठ रहे थे।
Foreign Secretary Shri Vikram Misri visited the Embassy of the Islamic Republic of Iran and signed the condolence book, on behalf of the people and the Government of India, on the demise of Supreme Leader Ayatollah Syed Ali Khamenei. pic.twitter.com/lOODHeI5fm
विदेश मंत्री जयशंकर ने ईरानी विदेश मंत्री से बात की
इधर भारत सरकार के विदेश मंत्री डॉ एस जयशंकर ने आज दोपहर ईरानी विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची के साथ बात भी की है औ जल्द से जल्द शांति की दिशा में कदम बढ़ाने की बात कही। ईरानी विदेश मंत्री के साथ-साथ विदेश मंत्री जयशंकर की ओमान के विदेश मंत्री सैय्यद बद्र बिन हमद बिन हमूद अलबुसैदी से बात हुई है। दोनों नेताओं के बीच फोन पर मिडिल ईस्ट टेंशन पर काफी देर तक गहरी चर्चा हूई। ज्ञात रहे कि इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हाल ही में UAE, सऊदी अरब, कतर, कुवैत, ओमान और इजरायल से फोन पर बातचीत कर चुके हैं।

खामेनेई की मौत पर लखनऊ से कश्मीर तक प्रदर्शन
बता दें कि 'अमेरिका-इजरायल' के हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के मारे जाने के बाद दुनिया के कई हिस्सों में जहां विरोधी जश्न मनाते दिखे तो वहीं खामेनेई के समर्थक भारी शोक और मातम में डूबे हुए नजर आए। खामेनेई को शिया मुस्लिम वर्ल्ड का सबसे बड़ा और प्रमुख धार्मिक नेता माना जाता था। शिया मुस्लिम समुदाय खामेनेई को बड़े पैमाने पर फॉलो करता रहा है। यही वजह रही कि खामेनेई की मौत के बाद सिर्फ दुनिया के तमाम हिस्सों में ही नहीं बल्कि भारत में भी शिया बहुल लखनऊ से जम्मू-कश्मीर तक खामेनेई समर्थकों में मातम का माहौल दिखा। खामेनेई की हत्या किए जाने से शिया मुसलमानों में तेज गुस्सा है.
अली खामेनेई के बारे में
अयातुल्ला अली खामेनेई ने एक साधारण मौलवी से सुप्रीम लीडर बनने तक का सफर तय किया। इसके साथ ही खामेनेई शिया मुस्लिम वर्ल्ड के सबसे बड़े नेता बने. खामेनेई ने 36 सालों तक ईरान की सत्ता संभाली। ईरान का सुप्रीम लीडर बनने से पहले वो देश के राष्ट्रपति और रक्षा मंत्री के पद पर भी रहे थे। एक आम मौलवी से सुप्रीम लीडर बनने तक का सफर खामेनेई के लिए आसान नहीं था। ईरान में महिलाओं पर पाबंदियों को लेकर खामेनेई का उनके ही देश में विरोध भी हुआ। महिलाओं ने खामेनेई को क्रूर शासक बताते हुए उनकी तस्वीरों को सिगरेट से आग लगाई और खामेनेई शासन को देश से उखाड़ फेंकने की बात कही थी।
जंग में अब तक 500 से ज्यादा लोगों की मौत
जंग में एक-दूसरे पर किए जा रहे भीषण हमले में ईरान-इजरायल में 28 फरवरी से अब तक 500 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है और 1000 से अधिक लोग घायल हैं। खामेनेई के साथ-साथ कई ईरानी शीर्ष कमांडर और नेता मारे गए हैं। वहीं इस जंग में अमेरिका के 4 सैनिक भी शहीद हुए हैं। बता दें कि जंग में जहां अमेरिका और इजरायल एकसाथ मिलकर ईरान पर लगातार हमले कर रहे हैं तो वहीं ईरान भी पूरी ताकत से जवाबी कार्रवाई करते देखा जा रहा है। ईरान ने इजरायल के साथ-साथ खाड़ी देशों को भी निशाना बनाया है और वहां मौजूद अमेरिकी ठिकानों के साथ-साथ वहां की सार्वजनिक-रेजिडेंसियल इमारतों पर भी मिसाइल और ड्रोन दागे हैं। जिससे खाड़ी देशों का भी व्यापक नुकसान हुआ है।