'अपनी सीट बचा नहीं पाए, बंगाल क्या जिताएंगे?': डोटासरा का बीजेपी के "राजस्थान मॉडल" पर करारा प्रहार

'अपनी सीट बचा नहीं पाए, बंगाल क्या जिताएंगे?': डोटासरा का बीजेपी के "राजस्थान मॉडल" पर करारा प्रहार

Dotasra launches a scathing attack on BJP

Dotasra launches a scathing attack on BJP's "Rajasthan Model."

Jaipur News: पश्चिम बंगाल की भवानीपुर सीट पर हुए उपचुनाव में बीजेपी की जीत की गूंज राजस्थान तक सुनाई दे रही है. दरअसल, बंगाल के बीजेपी नेता सुवेंदु अधिकारी ने ममता बनर्जी की हार और बीजेपी की जीत का पूरा क्रेडिट राजस्थान के नेता राजेंद्र राठौड़ और उनकी टीम को दिया था. मंगलवार को जयपुर स्थित प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में जब इस बारे में राजस्थान कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा से सवाल किया गया, तो उन्होंने अधिकारी के इस बयान को बेहद 'अजीबोगरीब' करार दिया और बीजेपी के दावों की हवा निकाल दी.

'अपनी सीट बचा नहीं पाए, बंगाल में जीत कैसे दिलाएंगे?'

जीत का क्रेडिट लेने की इस होड़ पर डोटासरा ने बेहद चुभने वाला तंज कसा. उन्होंने बिना लाग-लपेट के सीधा राजेंद्र राठौड़, कैलाश चौधरी और अरुण चतुर्वेदी का नाम लिया. पीसीसी चीफ ने कहा कि ये राजस्थान के वो नेता हैं जो खुद को जिताने की रणनीति बनाने में पूरी तरह फेल साबित हुए हैं. डोटासरा ने साफ कहा कि यह बात किसी के गले नहीं उतर रही है कि जो नेता अपने ही राज्य में अपनी सीट तक नहीं बचा पाए, वे भला पश्चिम बंगाल जाकर रणनीति बनाएंगे और वहां पार्टी को जीत दिला देंगे. उनका बंगाल में योगदान बताना बिल्कुल समझ से परे है.

डोटासरा ने बताया- कांग्रेस कैसे तय करती है जिम्मेदारी

बीजेपी नेताओं पर निशाना साधने के साथ ही डोटासरा ने अपनी पार्टी की रणनीति का भी खुलासा किया. उन्होंने बताया कि कांग्रेस पार्टी में हवा-हवाई बातें नहीं होतीं, बल्कि यहां हमेशा योग्य और चुनाव जीतने वाले नेताओं को ही दूसरे राज्यों में जिम्मेदारी दी जाती है. इस रणनीति के हमेशा सकारात्मक नतीजे भी सामने आते हैं. अपनी बात को मजबूती देने के लिए उन्होंने सचिन पायलट का जिक्र किया. डोटासरा ने बताया कि केरल चुनाव में कांग्रेस ने सचिन पायलट को ऑब्जर्वर बनाकर भेजा था, जिसका पार्टी को वहां सीधा फायदा मिला था.

बीजेपी को खुला चैलेंज- 'हिम्मत है तो यहां चुनाव कराएं'

भवानीपुर चुनाव के बहाने डोटासरा ने राजस्थान बीजेपी को उनके ही घर में घेरने का पूरा प्लान सेट कर दिया. उन्होंने कहा कि वे इस मुद्दे पर ज्यादा बयानबाजी नहीं करना चाहते, लेकिन अगर बीजेपी नेताओं को अपनी चुनावी रणनीति पर इतना ही गुमान है, तो वे एक चुनौती स्वीकार करें. डोटासरा ने कहा कि बीजेपी नेता राजस्थान में निकाय और पंचायत चुनाव करवाएं. अगर ऐसा होता है, तो उनकी रणनीति की असली हकीकत और दावों की पोल जनता के सामने खुद-ब-खुद खुल जाएगी.