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महिलाओं पर आपत्तिजनक टिप्पणी के आरोप में योगराज सिंह के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग

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महिलाओं के खिलाफ कथित आपत्तिजनक और अभद्र टिप्पणी को लेकर पूर्व भारतीय क्रिकेटर और अभिनेता योगराज सिंह के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग उठी है। इस संबंध में सेक्टर-43 स्थित जिला बार एसोसिएशन के कोषाध्यक्ष एडवोकेट उज्जवल भसीन ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, चंडीगढ़ को शिकायत दी है।                                                                                      
शिकायत में एडवोकेट उज्जवल भसीन ने बताया कि वे एडवोकेट जतिन वर्मा के साथ मिलकर यह गंभीर शिकायत दर्ज करवा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो क्लिप में योगराज सिंह द्वारा महिलाओं के प्रति अत्यंत शर्मनाक, अपमानजनक और आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया है।
शिकायत में कहा गया है कि वायरल क्लिप में कथित रूप से की गई टिप्पणी न केवल महिलाओं के सम्मान और गरिमा का अपमान है, बल्कि समाज में नारी के प्रति गलत संदेश भी देती है।                                                                                                             
शिकायतकर्ता के अनुसार, इस तरह की टिप्पणी हर महिला—मां, बहन, बेटी और पत्नी—की गरिमा और सम्मान के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि एक सार्वजनिक और प्रभावशाली व्यक्ति द्वारा इस प्रकार की भाषा का इस्तेमाल बेहद निंदनीय और दुर्भाग्यपूर्ण है।
शिकायत में यह भी कहा गया कि योगराज सिंह अक्सर खुद को एक "गुरु सिख" के रूप में प्रस्तुत करते हैं, ऐसे में इस प्रकार की टिप्पणी सिख धर्म के मूल्यों, समानता और महिलाओं के सम्मान के सिद्धांतों पर भी सवाल खड़े करती है।
एडवोकेट उज्जवल भसीन ने प्रशासन से मांग की है कि योगराज सिंह के खिलाफ तुरंत एफआईआर दर्ज की जाए, इस वीडियो के निर्माण, प्रसार और प्रचार में शामिल सभी लोगों की जांच की जाए और महिलाओं की गरिमा की रक्षा से जुड़े कानूनों के तहत सख्त कार्रवाई की जाए।                                                                                                                                                                    
उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी प्रभावशाली व्यक्ति को महिलाओं के प्रति अपमानजनक टिप्पणी करने का अधिकार नहीं दिया जा सकता और ऐसे मामलों में कड़ी कार्रवाई जरूरी है, ताकि समाज में स्पष्ट संदेश जाए कि महिलाओं के सम्मान के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
शिकायतकर्ता ने उम्मीद जताई है कि इस मामले को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र न्याय सुनिश्चित किया जाएगा।