DSC में गड़बड़ियों की CBI जांच की मांग की

DSC में गड़बड़ियों की CBI जांच की मांग की

Demand for CBI probe into irregularities in DSC

Demand for CBI probe into irregularities in DSC

( अर्थ प्रकाश / बोम्मा रेडड्डी )

मंगलागिरी : : (आंध्रा प्रदेश) राज्य की विपक्ष वाईएसआर पार्टी नेताओं ने कहा कि मेगा DSC भर्ती प्रोसेस में बड़े पैमाने पर गढ़बड़ियां हुई हैं और इस स्कैम की ( CBI ) केंद्रीय गुप्तचर एजेंसी जांच की मांग की। उन्होंने सरकार पर मेरिट लिस्ट छिपाने, स्पोर्ट्स कोटे के तहत सिलेक्शन में हेराफेरी करने और भारी रकम लेकर नौकरियां बेचने का आरोप लगाया।
मंगलागिरी में एजुकेशन डिपार्टमेंट कमिश्नर के ऑफिस में विरोध प्रदर्शन करने के बाद, वाईएसआर पार्टी  तिरुपति लोकसभा के सांसद मद्दिला गुरुमूर्ति, विधायक तातिपर्थी चंद्रशेखर और अनेक विधान परिषद सदस्य क्रमशः बोम्मी इज़राइल, पर्वतारेड्डी चंद्रशेखर रेड्डी, वरुदु कल्याणी, एम. वी. रामचंद्र रेड्डी और कल्पलता रेड्डी ने अधिकारियों को ज्ञापन पत्र देने के बाद मीडिया से      नेताओं ने कहा कि SCERT में काम करने वाला एक कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारी, जो एग्जामिनेशन सिस्टम से जुड़ा था, DSC में पहली रैंक लाया था और बाद में मामला सामने आने के बाद उसे नौकरी से निकाल दिया गया। उन्होंने सवाल किया कि सरकार मेरिट लिस्ट क्यों नहीं जारी कर पाई और कहा कि बाद में रिवाइज्ड मेरिट लिस्ट भी वेबसाइट से हटा दी गई। उन्होंने आगे कहा कि स्पोर्ट्स कोटे के तहत बिना सही नियमों के नौकरियां दी गईं और सर्टिफिकेट वेरिफिकेशन के बावजूद काबिल उम्मीदवारों को मौके नहीं दिए गए। नेताओं ने अधिकारियों पर आरोप लगाया कि वे ट्रांसपेरेंट तरीके से जवाब देने के बजाय गड़बड़ियों को सही ठहराने की कोशिश कर रहे हैं।
वाईएसआर पार्टी के नेताओं ने जिम्मेदार अधिकारियों को सस्पेंड करने, मेरिट लिस्ट तुरंत जारी करने और शिक्षा मंत्री नारा लोकेश के इस्तीफे की मांग की। उन्होंने यह भी कहा कि ऑडियो टेप से पता चला है कि नौकरियां 15 लाख रुपये तक में बेची गईं।
पार्टी ने कहा कि जब तक बेरोजगार युवाओं और DSC उम्मीदवारों को न्याय नहीं मिल जाता, तब तक वह अपनी लड़ाई जारी रखेगी ।