यूपी डिफेंस कॉरिडोर में 35,000 करोड़ के निवेश को मिली रफ्तार
Defense Manufacturing Boom in
उत्तर प्रदेश में रक्षा औद्योगिक विकास को बड़ी गति मिल रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को कहा कि राज्य के छह रक्षा औद्योगिक गलियारों—लखनऊ, कानपुर, झांसी, आगरा, अलीगढ़ और चित्रकूट—के लिए 35,000 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव अब जमीन पर उतरते दिखाई दे रहे हैं।
न्यू कैंट में आयोजित नॉर्थटेक सिंपोजियम के समापन समारोह में मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार ने बड़ा भूमि बैंक तैयार किया है और रक्षा व वैमानिकी नीति के जरिए निवेशकों को प्रोत्साहन दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि अलीगढ़ छोटे हथियारों और रक्षा उपकरणों के उत्पादन का प्रमुख केंद्र बन चुका है, जबकि कानपुर गोला-बारूद, मिसाइल, डिफेंस टेक्सटाइल और प्रोटेक्टिव गियर निर्माण का हब बन रहा है। लखनऊ में ब्रह्मोस मिसाइल और भारी रक्षा निर्माण पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, वहीं आगरा और चित्रकूट को सटीक इंजीनियरिंग और एयरोस्पेस क्षेत्र में विकसित किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि रक्षा गलियारों में तोप के गोले, ड्रोन, बुलेटप्रूफ जैकेट और उन्नत संचार प्रणालियों का निर्माण किया जा रहा है। साथ ही IIT Kanpur के सहयोग से ड्रोन के लिए सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित करने की दिशा में काम चल रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में 21,000 से अधिक स्टार्टअप सक्रिय हैं, जो एआई, रोबोटिक्स, ड्रोन, सेमीकंडक्टर और डेटा सेंटर जैसे क्षेत्रों में कार्य कर रहे हैं। बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर—एक्सप्रेसवे, हाइवे, रेल, मेट्रो और हवाई कनेक्टिविटी—ने राज्य को निवेश के लिए और अधिक आकर्षक बनाया है।
इस तीन दिवसीय कार्यक्रम का उद्घाटन रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने किया था, जिसमें 250 से अधिक रक्षा कंपनियों ने अपनी तकनीक और उत्पादों का प्रदर्शन किया।