लूट की वारदात का अंजाम देने वाली महिला को 7 साल की कैद

लूट की वारदात का अंजाम देने वाली महिला को 7 साल की कैद

Woman Sentenced to 7 Years

Woman Sentenced to 7 Years

मलोया थाना क्षेत्र मे साल 2021 मे हुई वारदात को लेकर पुलिस ने आरोपी को किया था गिरफ्तार 

चंडीगढ़, 25 मार्च: Woman Sentenced to 7 Years: मलोया कॉलोनी के एक घर में अपने साथी के साथ घुसकर पिस्टल तानकर खुद को पुलिसकर्मी बता ठगी और लूट की वारदात को अंजाम देने वाली आरोपी महिला को जिला अदालत ने 7 साल की कैद और 75 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई है। सजा पाने वाली आरोपी महिला की पहचान सेक्टर 55 में रहने वाली 33 वर्षी सीरत गिल के रूप में हुई है। महिला सेक्टर-55 निवासी 33 वर्षीय सीरत गिल है। दायर मामले के तहत अक्टूबर 2021 को दोषी सीरत ने अपने एक साथी संदीप उर्फ खुर्मी के साथ मिलकर मलोया के एक घर में लूट की थी। वह दोनों देर रात एक घर में घुसे और खुद को पंचकूला पुलिस से बताया। उन्होंने शिकायतकर्ता को धमकाकर उससे 15 हजार रुपये और मोबाइल लूट लिया। इस मामले में पिछले साल संदीप को जिला अदालत ने सात साल की सजा सुना दी थी। वहीं, सीरत लंबे समय से फरार थी। उसे 11 मार्च 2026 को पुलिस ने दोबारा गिरफ्तार किया और उस पर केस चलाया गया। 

दर्ज  मामले के तहत करीब 6 साल पहले हुई वारदात को लेकर मलोया कॉलोनी के रहने वाले  प्रियांशु ने पुलिस को दी शिकायत मे बताया कि 4 अक्तूबर 2021 की तड़के तीन बजे उनके घर का किसी अज्ञात ने दरवाजा खटखटाया। दरवाजा खोला तो एक युवक व युवती ने खुद को पुलिसकर्मी बताया। कहा कि वह पंचकूला से आए हैं। उसने घर के अंदर आकर कहा कि प्रियांशु का नाम पंचकूला में दुष्कर्म के मामले में सामने आया है। उसे साथ चलने के लिए कहा। युवक ने कहा कि वह तो कभी पंचकूला गया ही नहीं, लेकिन उक्त पुलिसकर्मी ने कहा कि उनके पास जितने पैसे हैं, वह दे दें तो उसका नाम केस में से हटा देंगे। शिकायतकर्त प्रियांशु ने पैसे देने से इंकार किया तो आरोपी ने पिस्टल तान दी, जिसके बाद प्रियांशु ने उसे 15 हजार रुपये दे दिए। इसके बाद दोषी ने पिस्टल की नोक पर उसका मोबाइल फोन भी छीन लिया और पर्स लेकर वहां से युवती सहित फरार हो गया।
पुलिस ने शिकायत के आधार पर अज्ञात युवक-युवती के खिलाफ धोखाधड़ी सहित आर्म्स एक्ट के तहत केस दर्ज कर लिया था। मामले में पुलिस ने जांच करते हुए आरोपी संदीप उर्फ खुरमी को गिरफ्तार किया, जिसे कोर्ट ने सात साल कैद की सजा सुनाई है। वहीं, मामले में नामजद युवती कोर्ट में पेश नहीं हुई जिसके चलते उसे भगोड़ा करार दे दिया गया।