संजू सैमसन को मिला गजब समर्थन, प्लेइंग इलेवन से ईशान किशन बाहर होंगे?
Sanju Samson's Support has changed the Equation
Sanju Samson's Support has changed the Equation: टीम इंडिया ने न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज में शुरुआती तीन मुकाबले जीतकर सीरीज अपने नाम कर ली है. हालांकि इसके बावजूद एक नाम लगातार चर्चा में बना हुआ है- संजू सैमसन. विकेटकीपर बल्लेबाज संजू इस सीरीज में अब तक रन नहीं बना पाए हैं और यही वजह है कि उनकी जगह को लेकर सवाल उठने लगे हैं. खासतौर पर तिलक वर्मा की संभावित वापसी के बाद यह बहस और तेज हो गई है कि आखिर प्लेइंग इलेवन से बाहर कौन होगा. अब इस मामले में अजिंक्य रहाणे ने भी अपना पक्ष रखा है.
खराब फॉर्म के बावजूद संजू पर भरोसा
लगातार तीन टी20 मैचों में असफल रहने के बाद आमतौर पर किसी भी खिलाड़ी पर दबाव बढ़ जाता है, लेकिन संजू सैमसन के मामले में कहानी थोड़ी अलग है. टीम के भीतर और बाहर से उन्हें समर्थन मिल रहा है. पूर्व भारतीय कप्तान अजिंक्य रहाणे ने साफ तौर पर कहा है कि संजू जैसे खिलाड़ी को सिर्फ कुछ मैचों के आधार पर जज नहीं किया जाना चाहिए. उनका मानना है कि टी20 क्रिकेट में फेल होना आम बात है और इससे खिलाड़ी की काबिलियत कम नहीं हो जाती.
रहाणे की राय: संजू को मिलना चाहिए मौका
अजिंक्य रहाणे के मुताबिक, संजू सैमसन एक मैच विनर खिलाड़ी हैं और टी20 वर्ल्डकप बड़े टूर्नामेंट में ऐसे खिलाड़ियों की जरूरत होती है. उन्होंने कहा कि मैनेजमेंट को संजू पर भरोसा बनाए रखना चाहिए, क्योंकि आत्मविश्वास ही किसी बल्लेबाज की सबसे बड़ी ताकत होती है. रहाणे का मानना है कि संजू अगर खुद पर भरोसा रखें और बिना दबाव के खेलें, तो बड़े रन जरूर आएंगे.
ईशान किशन पर मंडराया खतरा?
प्लेइंग इलेवन की बात करें तो रहाणे की पसंद साफ है. उनके अनुसार, तिलक वर्मा की वापसी के बाद ईशान किशन को बाहर बैठना पड़ सकता है. उन्होंने कहा कि संजू को लय में आने के लिए थोड़ा और समय देना चाहिए. रहाणे का यह भी कहना है कि शुरुआती ओवर संभलकर खेलने के बाद संजू अपने नैचुरल गेम पर लौट सकते हैं. ऐसे में उन्हें लगातार मौके मिलना जरूरी है.
अगला मैच होगा निर्णायक
भारत का अगला टी20 मुकाबला 28 जनवरी को विशाखापट्टनम में खेला जाना है और यह मैच संजू सैमसन के लिए बेहद अहम माना जा रहा है. अगर वह इस मैच में अच्छी पारी खेलते हैं, तो प्लेइंग इलेवन में उनकी जगह मजबूत हो जाएगी. हालांकि अगर रन फिर नहीं आए, तो टीम मैनेजमेंट को कठिन फैसला लेना पड़ सकता है, क्योंकि टी20 वर्ल्ड कप करीब है और टीम किसी तरह का जोखिम नहीं लेना चाहेगी.