Home » Uncategorized » स्वाती मालीवाल और नवीन जयहिंद में तलाक
स्वाती मालीवाल और नवीन जयहिंद में तलाक
स्वाती मालीवाल और नवीन जयहिंद में तलाक

स्वाती मालीवाल और नवीन जयहिंद में तलाक

नई दिल्ली: हरियाणा आम आदमी पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष नवीन जयहिंद और दिल्ली महिला आयोग की चेयरमैन स्वाति मालीवाल अब पति-पत्नी नहीं रहे|दोनों के बीच तलाक हो गया है|इसकी जानकारी खुद स्वाति मालीवाल ने अपने ऑफिसियल ट्विटर अकाउंट से ट्वीट कर दी है|

दिल्ली महिला आयोग की चेयरमैन स्वाती मालीवाल ने ट्वीट में लिखा- उनकी परियों की कहानियों वाले दिन खत्म हो गए।सबसे दुखद पल तब होता है जब आपकी सुखद कहानी का अंत हो जाता है|मेरी सुखद कहानी खत्म हो गई है|मेरा और नवीन का तलाक हो गया है|कई बार बहुत अच्छे लोग भी साथ नहीं रह पाते हैं|मैं हमेशा उन्हें और हमारा जीवन, जो हम साथ बिता सकते थे, उसे मिस करूंगी।इसके साथ ही उन्होंने लास्ट में लिखा, “मैं हर दिन भगवान से प्रार्थना करूंगी कि वे हमें और हमारे जैसे दूसरे लोगों को ताकत दें ताकि जब ऐसे पल आएं तो इस दर्द को सहन किया जा सके|

नवीन जयहिंद के बारे में….

गौरतलब है कि नवीन जयहिंद आम आदमी पार्टी के बड़े नेता हैं|वह हरियाणा आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष हैं और हरियाणा के विधानसभा चुनाव में पार्टी का चेहरा भी चुके हैं|नवीन जयहिंद अन्ना आंदोलन के वक्त से ही अरविंद केजरीवाल के साथ जुड़े हैं|इंडिया अगेंस्ट करप्शन की कोर कमेटी का हिस्सा रह चुके नवीन जयहिंद ने जन लोकपाल बिल का ड्राफ्ट बनाने में अहम भूमिका निभाई थी|

स्वाती मालीवाल के बारे में …..

आपको बतादें कि, आप सरकार ने ही स्वाती को भी दिल्ली महिला आयोग का अध्यक्ष नियुक्त किया था।आम आदमी पार्टी की जब दिल्ली में 2015 में सरकार बनी तो अरविंद केजरीवाल ने स्वाति मालीवाल को यह बड़ी जिम्मेदारी दी थी|स्वाति मालीवाल ने दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष बनने के बाद काफी काम किया|स्वाति मालीवाल लगातार महिलाओं के लिए आवाज़ उठाती और स्पा सेंटर में छापे मारती हुई नज़र आती रही हैं|

कई बार केंद्र सरकार के खिलाफ धरने पर भी बैठीं……

स्वाती मालीवाल अपनी सक्रियता की वजह से अक्सर चर्चा में रहती हैं।हालही वे बलात्कारियों को छह महीने में फांसी की मांग के साथ अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठीं थीं|इस दौरान उनकी तबीयत भी खराब हो गई थी, जिसकी वजह से वह बेहोश हो गई थीं|इस पर नवीन जयहिंद ने ट्वीट करते हुए लिखा था, ‘स्वाति शेरनी है मुर्दा नहीं मर्दानी है| सोये हुए लोगों को जगाया जाता है पर मुर्दों को जगाने चली है मुर्दे कभी जागते नहीं है| इस जंगल मे जंग जिंदा रहके लड़ी जाती है मरके तो जंग नहीं लड़ी जा सकती|रेपिस्टों को फांसी के लिए 13 दिन से अनशन पर है|मर भी जाएगी तो 13 दिन भी याद नहीं रखेंगे लोग…..बतादें कि स्वाती मालीवाल ने बलात्कारियों को फांसी देने की मांग पर दिसंबर महीने में आमरण अनशन किया था
|

Check Also

सलाम है Chandigarh SSP नीलांबरी जगदाले को, जरूरतमंद लोगों की कर रही हैं हर मुमकिन मदद

(Written by Shiva Tiwari) चंडीगढ़(रंजीत शम्मी): चंडीगढ़ में कर्फ्यू के कारण रोज कमाने खाने वाले …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Share
See our YouTube Channel