राजस्थान विधानसभा में कांग्रेस विधायकों का हंगामा: मुख्यमंत्री शर्मा ने दो साल के कामकाज की जानकारी दी

राजस्थान विधानसभा में कांग्रेस विधायकों का हंगामा: मुख्यमंत्री शर्मा ने दो साल के कामकाज की जानकारी दी

Congress MLAs create ruckus in Rajasthan Assembly

Congress MLAs create ruckus in Rajasthan Assembly

जयपुर। Congress MLAs create ruckus in Rajasthan Assembly: राजस्थान विधानसभा में कांग्रेस के विधायकों ने शनिवार को जमकर हंगामा किया। हंगामे के बीच सदन की कार्यवाह चार बार स्थगित हुई। आखिरकार मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने विधानसभा में हंगामे और कांग्रेस विधायकों की नारेबाजी के बीच अपनी सरकार के दो साल के कामकाज का ब्योरा पेश किया।

सीएम शर्मा ने सरकार के दो साल के कार्यकाल को लेकर अपनी बात रखना पेश किया तो कांग्रेस के विधायकों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। नारेबाजी के साथ हंगामा किया गया। कांग्रेस के विधायक काफी देर तक सदन में हंगामा करने के बाद बर्हिगमन कर विधानसभा से बाहर चले गए। हंगामे के बीच सीएम ने सरकार के दो साल के कार्यकाल में हुए फैसलों और कामकाज की जानकारी दी ।

'मैं चुनौती को स्वीकार करता हूं'

सीएम ने कहा, विपक्ष के विधायकों ने हमें अपने कामकाज की जानकारी देने की चुनौती दी थी, जिसे स्वीकार करते हुए मैं जानकारी दे रहा हूं, लेकिन कांग्रेस के विधायक सुनना नहीं चाहते हैं। उन्होंने कहा, हमने दो साल के कार्यकाल में संकल्प पत्र के 352 बिंदुओं में से 285 बिंदुओं को क्रियान्वित किया है।

सीएम ने कहा, दिल्ली में अंतरराष्ट्रीय एआई समिट का विरोध कर कांग्रेस ने देश को अपमानित किया है। समिट में दुनियाभर के लोग शामिल हुए थे, लेकिन जिस तरह से उनके सामने देश को अपमानित किया गया, यह कांग्रेस की सोच है।

प्रदेश अध्यक्ष और मंत्रियों के बीच नोकझोंक

हंगामे के बीच कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा एवं संसदीय कार्यमंत्री जोगाराम पटेल के बीच नोकझोंक हुई। हंगामे के दौरान भारत आदिवासी पार्टी (बाप) के विधायकों ने पेपर लीक सहित विभिन्न मुद्दों पर जांच की मांग की।

विधानसभा की कार्यवाही समाप्त होने के बाद संसदीय कार्यमंत्री सहित तीन मंत्रियों ने सदन में कांग्रेस विधायकों द्वारा किए गए हंगामे को सदन की गरिमा के खिलाफ बताते हुए कहा,हमारी सरकार ने कई महत्वपूर्ण फैसलों को क्रियान्वित किया है,जिन्हे कांग्रेस के विधायक सुनना नहीं चाहते थे।