KGMU रेज़िडेंट मामले में डॉ. रमीजुद्दीन और परिवार पर चार्जशीट दाखिल

KGMU रेज़िडेंट मामले में डॉ. रमीजुद्दीन और परिवार पर चार्जशीट दाखिल

Chargesheet filed against Dr. Rameezuddin and family in KGMU resident case

Chargesheet filed against Dr. Rameezuddin and

लखनऊ: Chargesheet filed against Dr. Rameezuddin and family in KGMU resident case, किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) की एक महिला जूनियर रेजिडेंट से दुष्कर्म, जबरन गर्भपात और अवैध धर्मांतरण के प्रयास के बहुचर्चित मामले में चौक पुलिस ने मुख्य आरोपित डॉ. रमीजुद्दीन नायक और उसके परिजनों के खिलाफ करीब 800 पन्नों की चार्जशीट अदालत में दाखिल कर दी है। पुलिस ने चार्जशीट में डिजिटल साक्ष्य, पीड़िताओं के बयान और मेडिकल रिपोर्ट समेत कई अहम तथ्यों को शामिल किया है।

माता-पिता भी भेजे गए जेल

लखनऊ के चौक कोतवाली क्षेत्र में दर्ज इस मामले में पुलिस ने 9 जनवरी को डॉ. रमीजुद्दीन को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। उससे दो दिन पहले उसके माता-पिता को भी न्यायिक हिरासत में भेजा गया था।

आरोप है कि पैथॉलजी विभाग में तैनात डॉ. रमीजुद्दीन ने महिला रेजिडेंट को शादी का झांसा देकर यौन शोषण किया और उस पर अवैध धर्मांतरण का दबाव बनाया। धर्मांतरण से इनकार करने पर उसने शादी से मुकरने की बात कही, जिससे आहत होकर पीड़िता ने आत्महत्या का प्रयास किया था। पीड़िता की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया था।

लैपटॉप से मिला 4000 GB डेटा, 500 से अधिक वीडियो

पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी युवतियों को आर्थिक मदद और करियर में सहयोग का भरोसा देकर करीबियां बढ़ाता था। इसके बाद संबंध बनाकर अश्लील वीडियो और तस्वीरें तैयार करता और उन्हें वायरल करने की धमकी देकर दबाव बनाता था।

जांच के दौरान आरोपी के पास से बरामद तीन लैपटॉप से करीब 4000 जीबी डेटा मिला है। इसमें 500 से अधिक आपत्तिजनक वीडियो और तस्वीरें बरामद होने की बात कही गई है। पुलिस का दावा है कि डिजिटल साक्ष्यों और पीड़िताओं के बयानों के आधार पर सात गंभीर धाराओं में आरोप तय किए गए हैं, जिनमें दुष्कर्म, जबरन नशीला पदार्थ पिलाना, गर्भपात और अवैध धर्मांतरण से जुड़ी धाराएं शामिल हैं।
 

परिवार और सहयोगी भी आरोपित

चौक पुलिस ने दाखिल चार्जशीट में डॉ. रमीजुद्दीन के साथ उसके पिता सलीमुद्दीन, मां खतीजा और निकाह में गवाह बने शारिक खान को भी आरोपित बनाया है। आरोप है कि इन लोगों की भूमिका भी घटनाक्रम में सहयोगी की रही। वहीं पुलिस अधिकारियों का कहना है कि साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई तेज की जाएगी और मामले की सुनवाई जल्द शुरू होने की संभावना है।