फिरोजपुर हत्याकांड: एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स ने दो शूटरों को किया गिरफ्तार
Ferozepur murder case
चंडीगढ़। Ferozepur murder case, पंजाब पुलिस की एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स को फिरोजपुर जिले के चर्चित गुरचरण सिंह गाबा हत्याकांड में बड़ी सफलता मिली है। एक सुनियोजित संयुक्त अभियान के तहत एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स, फिरोजपुर पुलिस और जम्मू कश्मीर पुलिस ने मिलकर हत्या मामले में शामिल दो शूटरों को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों आरोपित मूल रूप से राजस्थान के रहने वाले बताए जा रहे हैं और लंबे समय से फरार चल रहे थे।
पुलिस के अनुसार दोनों आरोपितों को जम्मू कश्मीर से गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तारी के दौरान उनके कब्जे से एक 30 बोर की बेरेटा पिस्तौल और 30 बोर के 10 जिंदा कारतूस भी बरामद किए गए हैं। पुलिस का मानना है कि यह बरामदगी जांच में कई महत्वपूर्ण कड़ियों को जोड़ने में मदद कर सकती है।
आरोपितों पर घोषित था कैश इनाम था घोषित
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपितों का आपराधिक इतिहास काफी लंबा रहा है। दोनों पर रंगदारी वसूलने, लूटपाट, डकैती, चोरी तथा शस्त्र अधिनियम के तहत विभिन्न मामले दर्ज रहे हैं। राजस्थान पुलिस ने भी दोनों आरोपितों पर 10 हजार रुपये का इनाम घोषित कर रखा था, जिससे उनकी आपराधिक गतिविधियों की गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है।
जांच एजेंसियों के अनुसार आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए कई राज्यों में लगातार निगरानी और तकनीकी जांच की जा रही थी। पुलिस को उनकी गतिविधियों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिली थी, जिसके बाद संयुक्त अभियान चलाकर उन्हें गिरफ्तार किया गया।
पूछताछ में होगे अहम खुल्लासे
अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ के दौरान हत्या की साजिश, हथियारों की उपलब्धता और संभावित सहयोगियों से जुड़े कई अहम खुलासे होने की उम्मीद है। गौरतलब है कि मक्खू निवासी गुरचरण सिंह गाबा की हत्या के बाद इलाके में काफी चर्चा रही थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की विभिन्न इकाइयों को जांच में लगाया गया था। अब दो प्रमुख आरोपितों की गिरफ्तारी को जांच में महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है।
पुलिस ने बताया कि इस संबंध में मक्खू थाने में मामला दर्ज है और आगे की जांच जारी है। जांच अधिकारी आरोपितों के नेटवर्क, उनके संपर्कों तथा हत्या के पीछे की पूरी साजिश का पता लगाने में जुटे हुए हैं। पुलिस का कहना है कि मामले में आगे और भी गिरफ्तारियां हो सकती हैं तथा जांच के आधार पर अन्य पहलुओं की भी पड़ताल की जाएगी।