ग्रामीण क्षेत्रों में भवन नक्शा स्वीकृति होगी आसान, समिति और सेल का गठन
Building Plan Approval will be Easier in Rural Areas
लखनऊ। Building Plan Approval will be Easier in Rural Areas: जिला पंचायतों द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में भवनों के नक्शे (मानचित्र) स्वीकृत करने के प्रविधानों की दिक्कतें दूर कर पूरी प्रक्रिया को सरल और प्रभावी बनाया जाएगा। इसके लिए पंचायती राज विभाग ने एक समिति और सेल का गठन किया है। समिति और सेल नक्शा पास करने में आ रही दिक्कतों को दूर करने के लिए मौजूदा कानून, नियमावली, भवन उपविधियों आदि का अध्ययन करने के साथ ही जरूरी मानव संसाधन के संगठनात्मक ढांचे को बनाए जाने पर 15 फरवरी तक सुझाव देगी।
विकास प्राधिकरण के विकास क्षेत्र में मानचित्र की मंजूरी को लेकर विवाद को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पिछले दिनों आवास एवं शहरी नियोजन विभाग तथा पंचायती राज विभाग के अधिकारियों की बैठक बुलाई थी। बैठक में कोई निर्णय तो नहीं हुआ था लेकिन मुख्यमंत्री ने स्पष्ट तौर पर कहा था कि विवाद को समाप्त कर ऐसी व्यवस्था बनाई जाए ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में सुनियोजित विकास के साथ ही किसी को कोई दिक्कत न हो। अगर बनाए जा चुके भवन जिला पंचायत या प्राधिकरणों के बिल्डिंग बाइलाज के अनुसार बने हैं तो उन्हें ध्वस्त न किया जाए।
इस संबंध में संबंधित विभागों को आवश्यकतानुसार नियमावली व भवन उपविधियों में संशोधन करने के निर्देश दिए गए थे।मुख्यमंत्री के निर्देश पर पंचायती राज के विशेष सचिव राजेश कुमार त्यागी की अध्यक्षता में समिति गठित की गई है। सेवानिवृत अपर मुख्य अधिकारी विनय सिंह सिरोही, विशेष आमंत्री जीएस गोयल तथा अधीक्षण अभियंता जिला पंचायत अनुश्रवण कोष्ठक प्रवीण कुमार को समिति का सदस्य नामित किया गया है।
समिति जिला पंचायतों तथा अनुश्रवण प्रकोष्ठ के स्तर पर इम्पैनल किए जाने वाले आर्किटेक्ट तथा तकनीकी व्यक्तियों की योग्यता तथा कार्यों को प्रस्तावित करेगी। समिति पंचायती राज मंत्रालय भारत सरकार द्वारा जारी ग्रामीण क्षेत्र विकास योजना निर्माण एवं कार्यान्वयन निर्देश-2021 व आवास विभाग द्वारा जारी भवन निर्माण एवं विकास उपविधि तथा माडल जोनिंग रेगुलेशंस-2025 का अध्ययन के आधार पर सुझाव देगी।
समिति, मानचित्र स्वीकृत प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाए जाने के लिए जिला पंचायत अधिनियम-1961 एवं मानक उपविधि में भी आवश्यक संशोधन प्रस्तावित करेगी। समिति ग्रामीण क्षेत्रों में मानचित्र स्वीकृति की प्रक्रिया में विकास प्राधिकरणों एवं जिला पंचायतों के मध्य सामंजस्य स्थापित करने, मानचित्र की स्वीकृति में शिकायतों के निस्तारण की प्रभावी प्रणाली में आवश्यक सुझाव भी उपलब्ध कराएगी।
समिति के सहयोग के लिए लखनऊ जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी प्रणव पाण्डेय की अध्यक्षता में एक सेल भी गठित किया गया है। सेल में जिला पंचायत गोंडा के अभियंता शशि यादव व और लखनऊ जिला पंचायत लखनऊ के कार्य अधिकारी शिवाल तिवारी को सदस्य बनाया गया है।