NEET विवाद पर अमृतसर में छात्रों का प्रदर्शन, अभिजीत दिपके ने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग की

Students protest in Amritsar over the NEET

Students protest in Amritsar over the NEET

अमृतसर। Students protest in Amritsar over the NEET controversy, अमृतसर में आयोजित NEET छात्र समर्थन प्रदर्शन के दौरान कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने केंद्र सरकार और केंद्रीय शिक्षा मंत्री पर तीखा हमला बोला। उनके आहवान पर आज हजारों स्टूडेंट्स अमृतसर के गोल्डन गेट पर इकट्‌ठे हुए। उन्होंने कहा कि देश में छात्रों से जुड़े मुद्दों को लगातार नजरअंदाज किया जा रहा है। अब युवाओं को अपने अधिकारों के लिए एकजुट होकर आवाज उठानी होगी।

सभा को संबोधित करते हुए अभिजीत ने कहा कि देश के कई प्रतिभाशाली छात्र मानसिक दबाव और शिक्षा व्यवस्था से जुड़ी समस्याओं के कारण अपनी जान गंवा चुके हैं। उन्होंने दावा किया कि कई ऐसे छात्र भी आत्महत्या कर चुके हैं, जो भविष्य में समाज और देश की सेवा कर सकते थे। उन्होंने इसे बेहद दुखद और चिंताजनक स्थिति बताया।

अभिजीत ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग करते हुए कहा कि यदि 13 जून तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो देशभर में व्यापक आंदोलन शुरू किया जाएगा। उन्होंने उपस्थित युवाओं से 20 जून को दिल्ली पहुंचने का आह्वान करते हुए कहा कि जब तक उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। 

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बैनर लेकर प्रदर्शन करते हुए युवा।

हर आंदोलन में पंजाब की भूमिका अहम

उन्होंने आरोप लगाया कि राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े विवादों ने लाखों छात्रों के भविष्य को प्रभावित किया है। उन्होंने कहा कि छात्रों की समस्याओं पर गंभीरता से ध्यान देने के बजाय उन्हें अनदेखा किया जा रहा है। अभिजीत ने यह भी कहा कि पिछले कुछ वर्षों में कई छात्रों ने आत्महत्या की, लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ पर्याप्त कार्रवाई नहीं की गई।

अपने संबोधन के दौरान उन्होंने किसान आंदोलन का भी उल्लेख किया और कहा कि देश में जब भी कोई बड़ा जन आंदोलन हुआ है, उसमें पंजाब की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि छात्र आंदोलन में भी पंजाब के युवाओं की भागीदारी महत्वपूर्ण होगी।

अभिजीत ने कहा कि यदि जरूरत पड़ी तो वह स्वयं सबसे पहले गिरफ्तारी देने के लिए तैयार हैं। उन्होंने दावा किया कि वह विदेश से इसी उद्देश्य के साथ लौटे हैं कि छात्रों की आवाज को मजबूती से उठाया जा सके।

सभा के दौरान छात्रों और युवाओं ने शहीद-ए-आजम भगत सिंह के समर्थन में नारे लगाए। कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार, परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता और छात्रों की समस्याओं के समाधान की मांग उठाई।

प्रदर्शन के अंत में अभिजीत ने कहा कि यह आंदोलन किसी राजनीतिक लाभ के लिए नहीं, बल्कि छात्रों के भविष्य और शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए है। उन्होंने युवाओं से शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज बुलंद करने की अपील की।

अब सिर्फ परीक्षा तक सीमित नहीं प्रदर्शन

इस कहानी की अहमियत यह है कि सीजेपी का विरोध प्रदर्शन सिर्फ एक परीक्षा को लेकर नहीं है। यह छात्रों और उनके परिवारों के बीच व्याप्त व्यापक भय को दर्शाता है कि वर्षों की मेहनत परीक्षा की कागजी सूचनाओं के लीक होने, देरी, परीक्षा रद्द होने और जवाबदेही की कमी के कारण बर्बाद हो सकती है।

अब जब कॉकरोच जनता पार्टी सीधे तौर पर नीट विवाद और भर्ती से जुड़े अन्य कथित मुद्दों को निशाना बना रही है, तो यह विरोध प्रदर्शन युवाओं द्वारा संचालित सबसे सशक्त राजनीतिक और शैक्षिक मुद्दों में से एक बन गया है।

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गोल्डन गेट पर सुरक्षा के लिए पहुंची पुलिस।

अभिजीत दिपके क्या चाहते हैं?

अभिजीत दिपके शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं क्योंकि उनका कहना है कि NEET और अन्य भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के कारण छात्रों को बहुत परेशानी झेलनी पड़ी है।

सरल शब्दों में, उनका संदेश यह है कि जब परीक्षाएं और नौकरी संबंधी टेस्ट पेपर लीक, रद्द होने और अन्याय से घिरे होते हैं, तो छात्रों का विश्वास, मानसिक शांति और यहां तक कि भविष्य के अवसर भी छिन जाते हैं, इसलिए शीर्ष पर बैठे किसी व्यक्ति को जिम्मेदारी लेनी होगी।

उनका कहना है कि यह विरोध प्रदर्शन केवल राजनीति के बारे में नहीं है, बल्कि उन छात्रों और परिवारों के लिए न्याय की लड़ाई है जिन्होंने कड़ी मेहनत की है और अब व्यवस्था से जवाबदेही चाहते हैं।