रांची में कांग्रेस–झामुमो के बीच सियासी तनाव, गलतफहमी के बाद सुलझा विवाद

रांची में कांग्रेस–झामुमो के बीच सियासी तनाव, गलतफहमी के बाद सुलझा विवाद

Political tension between Congress and JMM in Ranchi

Political tension between Congress and JMM in Ranchi

रांची। Political tension between Congress and JMM in Ranchi, एक छोटी-सी गलतफहमी थी जिसके कारण पिछले कई दिनों से झारखंड की राजनीतिक माहौल में बड़ा बवंडर मचा हुआ था। गलतफहमी यह थी कि कांग्रेस अपने उम्मीदवार की घोषणा से पहले झारखंड मुक्ति मोर्चा से विमर्श करेगी।

मोर्चा के कई नेता यह दावा कर रहे हैं इसी बात पर कांग्रेस को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से सहमति मिली थी लेकिन जब उम्मीदवार की घोषणा का वक्त आया तो कांग्रेस ने अकेले-अकेले यह काम पूरा कर लिया।

सूचना मिलते ही झारखंड मुक्ति मोर्चा की कोर टीम एक्शन में आई और कांग्रेस पर दबाव बनाने की राजनीति सफल रही।

झामुमो के प्रमुख नेताओं ने लगातार कांग्रेस के विरोध में बयान जारी किए और धीरे-धीरे कांग्रेस पर दबाव और बढ़ता गया। झामुमो की ओर से दूसरे उम्मीदवार के नाम को लेकर लगातार मीडिया को सूचनाएं लीक की गईं और कांग्रेस पर दबाव बढ़ता गया।

इसी का परिणाम रहा कि कांग्रेस बैकफुट पर आई और केंद्रीय नेतृत्व को वहां से विशेष दूत को भेजना पड़ा। विशेष दूत बनकर पहुंचे नेताओं में पहले तेलंगाना के डिप्टी सीएम मल्लू भट्टी विक्रमार्क का नाम आया और फिर छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल एवं कांग्रेस के केंद्रीय महासचिव अजय शर्मा रांची पहुंचे।

तेलंगाना के डिप्टी सीएम के साथ-साथ भूपेश बघेल के हेमंत सोरेन से अच्छे ताल्लुकात रहे हैं और इसी का फायदा कांग्रेस को मिला। इन नेताओं ने हेमंत सोरेन को विश्वास दिलाया कि कांग्रेस ने कहीं कोई चालाकी नहीं की है।

झारखंड मुक्ति मोर्चा ने इस बीच अपने सारे पत्ते खोल दिए थे और इस बात की संभावना व्यक्त की जा रही थी की दोनों पदों पर झामुमो अपना उम्मीदवार देगा।

सुनियोजित तरीके से पिछले विधानसभा चुनाव में हार का सामना कर चुके कई नेताओं को राज्यसभा के दावेदार के रूप में पेश किया गया, लेकिन भूपेश बघेल ने सूझबूझ का परिचय देते हुए तमाम गलतफहमियों को दूर किया और हेमंत सोरेन को मनाने में कामयाब रहे।

बघेल कई बार ऐसे मौकों पर कांग्रेस के लिए रक्षा कवच बनकर सामने आते रहे हैं। एक बार फिर उन्होंने अपने आप को साबित करने में सफलता पाई है।