संपादकीय Archives - Arth Parkash
Thursday, October 18, 2018
Breaking News
Home » संपादकीय

अकबर का इस्तीफा है #मी टू अभियान की जीत

आखिर मोदी सरकार को सख्त होना ही पड़ा। यौन उत्पीड़न का आरोप झेल रहे केंद्रीय विदेश राज्य मंत्री एमजे अकबर को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा। इससे पहले सरकार के स्तर पर जहां अकबर का मूक समर्थन किया जा रहा था वहीं पार्टी भी इस बात पर टिकी थी कि जांच के बाद दोषी पाए जाने पर कार्रवाई होगी। ... Read More »

गुरूग्राम गोली कांड का रहस्य हो उजागर

गुरूग्राम में अतिरिक्त जिला जज की सुरक्षा में तैनात गनर के जज की पत्नी और बेटे को गोली मारने का मामला हैरान करने वाला है, लेकिन इसमें रोजाना नये राज का सामने आते जाना और ज्यादा खौफनाक है। अधिकारी की सुरक्षा में तैनात सुरक्षाकर्मी परिवार के सदस्य की तरह हो जाता है, वह अधिकारी और उसके परिवार के लोगों के ... Read More »

बच्चों को अपनी भावनाएं जज्बात जताना सिखलाएं: डॉ. स्वतन्त्र जैन

बच्चे के जन्म के समय ‘डर और खुशी’ , केवलमात्रा यही दो भाव/जज़्बात बड़े होने के साथ-साथ बढ़ते जाते हैं और जवानी की दहलीज़ पर पांव रखते-रखते ये दोनों भाव अनेकों मिलते-जुलते अलग-अलग शेड के विभिन्न रूपों में बदल जाते हैं। किशोरावस्था में तो ये जज्बात इतनी तेजी से बढ़ते-तूफान मचाते हैं कि बच्चे खुद के जज्बातों को समझ नहीं ... Read More »

पराली के धुएं ने घोंट दिया दिल्ली का दम

हरियाणा-पंजाब में धान का सीजन बीत रहा है। खेतों में धान की कटाई के बाद फसलें मंडियों में पहुंच रही हैं, इस बीच किसान अगली फसल की तैयारियों में जुट गए हैं। लेकिन ये क्या! इतने प्रचार, जागरूकता अभियान, अफसरों की फौज खड़ी करने और तमाम नियम-कायदे बनाने के बावजूद खेतों में धान के अवशेष यानी पराली जलाने से कोई ... Read More »

सबरीमाला मंदिर : आस्था और कानून में टकराव

केरल के सबरीमाला मंदिर को लेकर कानून और आस्था के बीच टकराव बढ़ गया है। देश की सर्वोच्च अदालत फैसला देती है कि सभी उम्र की महिलाएं मंदिर में प्रवेश की अधिकारी हैं, लेकिन आस्था से बंधे लोग इसका विरोध करते हैं और ऐसे बयान जारी कर रहे हैं जोकि कानून और प्रबुद्ध जजों के फैसले पर प्रश्नचिन्ह लगाते हैं। ... Read More »

आखिर कब मिटेगी अमीरी-गरीबी की रेखा

भारत में अमीर और गरीब के बीच की खाई बढ़ती ही जा रही है और सरकार इस असमानता को दूर करने की दिशा में कोई कदम भी नहीं उठा पा रही। गैर-सरकारी संगठन ऑक्सफैम और डिवेलपमेंट फाइनेंस इंटरनेशनल द्वारा इस संबंध में तैयार वैश्विक सूचकांक भारत सरकार की नीतियों और हाल की विकास प्रक्रिया को कठघरे में खड़ा करता है। ... Read More »

हरियाणा में अब भाजपा का शक्तिप्रदर्शन

हरियाणा में राजनीतिक बिसात बिछ चुकी है, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रोहतक के सांपला में किसानों के मसीहा सर छोटू राम की प्रतिमा का अनावरण कर प्रदेश में चुनावी हवा को और तेज कर दिया है। जाट आरक्षण आंदोलन के बाद जाटों के निशाने पर आई भाजपा ने सर छोटू राम को अपने एजेंडे में लाकर इस वर्ग को लुभाने ... Read More »

गुजरात में पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले क्यों

मुंबई में अक्सर ऐसी घटनाएं घटती हैं, जब उत्तर प्रदेश और बिहार के लोगों के उत्पीडऩ के मामले सामने आते हैं, हालांकि इस बार गुजरात से ऐसी खबरें आ रही हैं। दरअसल, साबरकांठा जिले में बीते सप्ताह एक बच्ची से बलात्कार के मामले में आरोपी की गिरफ्तारी के बाद बीते दो-तीन दिनों में माहौल खराब हो गया है, यहां कई ... Read More »

फिल्मों में महिलाएं क्यों बनें शोपीस

फिल्में रूहानी अहसास दिलाने वाली वह विधा है जोकि पर्दे पर कुछ होती है और पर्दे के पीछे कुछ और। सदियों से फिल्मों में महिलाओं और पुरूष कलाकारों को लेकर कहानियों का दौर चलता रहा है। महिला कलाकारों के यौन शोषण के आरोप भी खूब लगते रहे हैं, हालांकि यह पहली बार है, जब किसी अभिनेत्री ने पुरजोर स्वर में ... Read More »

वो मुझे ढूँढ रहा है: प्रिया व संजय टंडन

चंडीगढ़: “दुनियाँ को बेहतर बनाने के लिए किसी नए आध्यात्मिक आदेश या संस्था की ज़रुरत नहीं है । ज़रूरत तो पवित्र हृदय वाले, पुरुष और महिलाओं की है- सुबह से बरसात हो रही थी । आकाश काले बादलों से घिरा हुआ था । बादलों की गड़गड़ाहट आकाश से कई बार आई और बिजली की कौंध, बादलों के घने कंबल में से ... Read More »

Share